बिजनौर, 09 मई (ता)। उत्तर प्रदेश की पूर्व राज्यमंत्री एवं पूर्व सांसद ओमवती देवी का गत दिवस अचानक निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक व्याप्त हो गया। समर्थकों-शुभचिंतकों ने उनके आवास पहुंचकर परिवार को सांत्वना दी।
गत दिवस 77 वर्षीय ओमवती देवी रूटीन चेकअप के लिए मंडावर रोड स्थित प्राइवेट अस्पताल गई थीं। इसी दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। चिकित्सकों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह सफल नहीं हो सके। ओमवती देवी बिजनौर की राजनीति का बड़ा चेहरा मानी जाती थीं। उन्होंने नगीना विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर चार बार विधायक के रूप में जीत दर्ज की। 2007 में वह बसपा सरकार में स्वतंत्र प्रभार राज्यमंत्री बनीं। 1998 में समाजवादी पार्टी के टिकट पर बिजनौर लोकसभा सीट से वह सांसद चुनी गईं। राजनीतिक जीवन के दौरान उन्होंने विभिन्न दलों में सक्रिय भूमिका निभाई।
2013 में उन्होंने अपने पति एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी आरके सिंह के साथ बसपा छोड़कर भाजपा का दामन थामा था। बाद में 2019 में दोनों भाजपा छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो गए। वर्तमान में उनकी पुत्रवधू हेनरीता राजीव सिंह कांग्रेस की जिलाध्यक्ष हैं। ओमवती देवी लंबे समय तक क्षेत्रीय राजनीति में सक्रिय रहीं और दलित व पिछड़े वर्ग की मजबूत आवाज मानी जाती थीं। उधर, राजनीतिक दलों के नेताओं, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने शोक जताया।
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