कानपुर 10 जनवरी। कानपुर में कार से नाबालिग का अपहरण कर गैंगरेप कांड में वारदात के बाद से आरोपी दरोगा फरार है. दो दिन से अधिक समय तक गिरफ्तारी न होने पर पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है.
घटना सचेंडी थाना क्षेत्र की है. पीड़िता के अनुसार रविवार रात करीब 10 बजे वह घर से बाहर निकली थी, तभी एक काले रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी उसके पास आकर रुकी. गाड़ी में सवार दो युवकों ने उसे जबरन दबोच लिया और कार में खींच लिया. इसके बाद उसे सचेंडी इलाके में रेलवे ट्रैक के पास एक सुनसान स्थान पर ले जाया गया, जहां शीशे बंद कार के अंदर करीब दो घंटे तक उसके साथ दरिंदगी की गई.
पीड़िता मदद के लिए चिल्लाती रही, गिड़गिड़ाती रही, लेकिन सुनसान इलाके और बंद शीशों के कारण उसकी आवाज बाहर नहीं पहुंच सकी. हर पल वह अपनी जान बचाने के लिए जूझती रही. जांच में सामने आया है कि जिस स्कॉर्पियो गाड़ी में वारदात हुई, वह भीमसेन चौकी प्रभारी दरोगा अमित मौर्या की ही थी. आरोप है कि इस घिनौनी वारदात को दरोगा अमित मौर्या ने शिवबरन नाम के एक कथित पत्रकार के साथ मिलकर अंजाम दिया. वारदात के बाद जब पीड़िता की हालत बेहद खराब हो गई, तब आरोपी उसे देर रात उसके घर के पास छोड़कर फरार हो गए.
किसी तरह हिम्मत जुटाकर पीड़िता घर पहुंची और परिजनों को पूरी घटना बताई. परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा. पीड़िता के भाई ने तुरंत डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने आरोपी दरोगा की गिरफ्तारी के लिए चार विशेष टीमें गठित कीं, लेकिन दो दिन से ज्यादा वक्त बीतने के बाद भी वह पुलिस की पकड़ से बाहर है. इसी लापरवाही को देखते हुए आरोपी पर 50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया. साथ ही कार्रवाई में ढिलाई बरतने के आरोप में भीमसेन चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया गया है, जबकि संबंधित एसीपी पनकी शिखर कुमार को लाइन हाजिर किया गया है. इस पूरे मामले की निगरानी जॉइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस वी के सिंह कर रहे हैं.
वहीं एक दिन पहले कोर्ट ने पुलिस को फटकार लगाई थी कि लड़की 14 साल की है, मगर केस को पॉक्सो एक्ट में दर्ज नहीं किया गया। इसके बाद कानपुर पुलिस ने FIR में गैंगरेप, किडनैपिंग के साथ पॉक्सो एक्ट बढ़ा दिया।

