नई दिल्ली 25 मार्च। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक ऐसे मॉड्यूल को भंडाफोड़ किया है जो अंतरराष्ट्रीय हथियार सप्लाई करता था. इसका लिंक पाकिस्तान, नेपाल और बांग्लादेश में पहले अवैध हथियार सप्लायरों के साथ है. इस गैंग से जुड़े 10 लोगों की गिरफ्तारी हुई है. इनके पास से 21 विदेशी पिस्टल, मशीन गन, 200 जिंदा कारतूस और ऑटोमेटिक पिस्टल बरामद हुए हैं
इनके पास से ऑटोमैटिक हथियार भी बरामद किए गए हैं, जिनमें सब-मशीन गन (चेक गणराज्य निर्मित) और अलग अलग पिस्टल शामिल हैं. इनमें PX-5.7, Stoeger (तुर्की निर्मित), PX-3 (चीन निर्मित), Shadow CZ (चेक गणराज्य निर्मित), Beretta (इटली निर्मित), Taurus (ब्राजील निर्मित), और Walther (जर्मनी निर्मित) हैं. PX-5.7 का इस्तेमाल विशेष बल (Special Forces) ही करते हैं.
जांच में खुलासा हुआ है कि ये हथियार पाकिस्तान के जरिए नेपाल बॉर्डर आते थे फिर वहां से दिल्ली‑NCR पहुंचते थे. ये हथियार कई राज्यों में सक्रिय क्रिमिनल गैंग्स तक सप्लाई किए जाते थे, ताकि सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी से बच सकें. तस्कर पाकिस्तान से लाए गए हथियारों को नेपाल के रास्ते भारत में घुसाते और फिर दिल्ली को वितरण केंद्र की तरह इस्तेमाल करते थे.
पुलिस ने बताया कि यह नेटवर्क पाकिस्तान, नेपाल, बांग्लादेश तक फैला हुआ था. दिल्ली से पूरे हिंदुस्तान में हथियार सप्लाई होती थी.
क्राइम ब्रांच के मुताबिक यह गैंग लंबे समय से दिल्ली‑NCR और कई राज्यों में क्रिमिनल गिरोहों को हथियार सप्लाई कर रहा था. कई हथियार हाई-प्रोफाइल शूटआउट और गैंगवार में इस्तेमाल होने की आशंका भी जताई जा रही है.
पूछताछ जारी है और पुलिस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है। इससे यह साफ हो जाता है कि दिल्ली पुलिस ऐसे तस्कर गिरोहों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करेगी ताकि देश की सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा सके। हथियारों की ये गतिविधियाँ बिना किसी संदेह के गंभीर खतरा उत्पन्न करती हैं, और पुलिस इस दिशा में सख्त कदम उठा रही है।

