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    Home»टेक्नोलॉजी»‘वायु अस्त्र-1’ हवा में टारगेट बदलने वाले स्वदेशी ड्रोन का परीक्षण
    टेक्नोलॉजी

    ‘वायु अस्त्र-1’ हवा में टारगेट बदलने वाले स्वदेशी ड्रोन का परीक्षण

    adminBy adminMay 23, 2026No Comments1 Views
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    नई दिल्ली, 23 मई (ता)। भारत ने रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर एक और बड़ी छलांग लगाई है। पुणे की एक डिफेंस फर्म नीबे लिमिटेड ने देश में ही विकसित 100 किलोमीटर रेंज वाले अपने लोइटरिंग म्यूनिशन ‘वायु अस्त्र’ का नो-कॉस्ट, नो-कमिटमेंट (एनसीएनसी) ट्रायल सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। ‘वायु अस्त्र-1’ को आम भाषा में आत्मघाती या कामिकेज ड्रोन भी कहा जाता है। यह ट्रायल राजस्थान के पोखरण और उत्तराखंड के जोशीमठ की दुर्गम पहाडिय़ों में किए गए। वायु अस्त्र-1 लोइटरिंग म्यूनिशन (एंटी-पर्सनल वेरिएंट) ने राजस्थान के पोखरण रेंज में अपना पहला एनसीएनसी प्रदर्शन सफलतापूर्वक किया।
    10 किलोग्राम का विस्फोटक (वॉरहेड) ले जाने की क्षमता वाले इस सिस्टम ने एक ही प्रयास में 100 किलोमीटर दूर स्थित अपने लक्ष्य को पूरी सटीकता से ध्वस्त कर दिया। इसका सर्कुलर एरर प्रोबेबल (सीईपी) एक मीटर से भी कम रहा, यानी यह अपने टारगेट से एक मीटर भी इधर-उधर नहीं भटका। इजरायली तकनीक पर आधारित लोइटरिंग म्यूनिशन में ‘अबॉर्ट-अटैक’ (हमला रोकने) और ‘री-अटैक’ (दोबारा हमला करने) की गजब की क्षमता है। इसके अलावा, मैदानी इलाकों के बाद उत्तराखंड के जोशीमठ (मलारी) में किए गए परीक्षणों के दौरान वायु अस्त्र-1 लोइटरिंग म्यूनिशन की हाई-एल्टीट्यूड एंड्योरेंस (ऊंचाई पर लंबे समय तक टिके रहने की क्षमता) का टेस्ट किया गया। बताया गया है कि इस दौरान इसने 90 मिनट से भी अधिक समय तक उड़ान भरी और 14,000 फुट से अधिक की ऊंचाई पर अपने मिशन सफलतापूर्वक पूरे किए।
    कंपनी ने दावा किया कि एंटी-आर्मर (एंटी-टैंक) नाइट स्ट्राइक ट्रायल के दौरान इस सिस्टम ने इन्फ्रारेड (आईआर) कैमरे की मदद से रात के घने अंधेरे में भी टारगेट को सफलता पूर्वक निशाना बनाया और एक ही प्रयास में दो मीटर के सीईपी के भीतर लक्ष्य को भेद दिया। इसके अलावा, कंपनी ने इस बात पर भी विशेष जोर दिया कि 70 किमी दूर फॉरवर्ड कंट्रोल सेगमेंट को ग्राउंड स्टेशन से नियंत्रण सौंपने (कंट्रोल हैंडओवर) की क्षमता का भी सफल प्रदर्शन किया गया।

    ‘Vayu Astra-1’ Desh New Delhi tazza khabar tazza khabar in hindi Testing of ‘Vayu Astra-1’ — an indigenous drone capable of changing targets mid-air.
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