Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • आज की बारिश ने कमजोर मानसून की कमी को किया पूरा, मौसम के बदलाव से बढ़ती है मुसीबत
    • लकड़ी और कार्ड बोर्ड के होटल नुमा घर पेड़ों पर टांग दिए जाएं तो मधुमक्खियों की भांति पक्षी भी बिना डर के रह सकते हैँ
    • पेट्रोल पंपों पर मिले जरुरी सुविधाएं! इथनॉल अगर कच्चे तेल की कमी पूरी करता है तो अच्छा है लेकिन उपभोक्ताओं की शंका का समाधान करने के लिए पारदर्शी व्यवस्था जरुरी है
    • पशुओं से होता है रोग भ्रम फैलाने की बजाय किस जानवर से क्या क्या नुकसान हो सकता है यह बताना चाहिए, गोलमोल कथन से तो व्यवस्था ही बिगड़ जाएगी
    • अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट केस में गुजरात हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 38 दोषियों की फांसी की सजा बरकरार
    • पहली बारिश के बाद एक्सप्रेस-वे की गुणवत्ता पर उठे सवाल
    • ‘शहजाद भट्टी’ गैंग के 2 आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़, 6 गिरफ्तार
    • आगरा में तेजो महालय मामले में केंद्र, एएसआई से जवाब तलब
    Facebook Instagram X (Twitter) YouTube
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Demo
    • न्यूज़
    • लेटेस्ट
    • देश
    • मौसम
    • स्पोर्ट्स
    • सेहत
    • टेक्नोलॉजी
    • एंटरटेनमेंट
    • ऑटो
    • चुनाव
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Home»चुनाव»मेक इन इंडिया और वोकल फॉर लोकल केवल नारा बनकर रह गया : राहुल गांधी
    चुनाव

    मेक इन इंडिया और वोकल फॉर लोकल केवल नारा बनकर रह गया : राहुल गांधी

    adminBy adminJuly 7, 2026No Comments4 Views
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    नई दिल्ली, 07 जुलाई (ता)। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने गत दिवस आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की दो प्रमुख पहल ‘मेक इन इंडिया’ और ‘वोकल फॉर लोकल’ केवल नारे बनकर रह गई हैं तथा उसकी एमएसएमई विरोधी नीतियां इन उद्योगों का गला घोंट रही हैं। कांग्रेस नेता ने जयपुर में स्थानीय बस और ट्रक बॉडी बिल्डर्स की फैक्ट्री का दौरा करने के बाद अपने यूट्यूब चौनल पर एक वीडियो जारी किया। उन्होंने कहा कि फैक्ट्रियों में मेहनत और हुनर से भारत का भविष्य गढ़ने वाले कारीगर देश की अर्थव्यवस्था और परिवहन व्यवस्था को मजबूती दे रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली में परिवहन मंत्रालय द्वारा बनाए गए कुछ नियम देशभर के छोटे बस और ट्रक बॉडी निर्माण उद्योगों के लिए मुश्किलें पैदा कर रहे हैं।
    गांधी ने आरोप लगाया कि बसों में तकनीकी खराबी के कारण लगने वाली आग का दोष उन बॉडी बिल्डर्स पर मढ़ा जा रहा है, जबकि उनका काम केवल वाहनों की बॉडी तैयार करना है। राहुल गांधी ने कहा कि जिन एमएसएमई को प्रोत्साहन और सहारा मिलना चाहिए, उनकी गतिविधियों पर ही प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियां छोटे उद्योगों के हितों के अनुरूप नहीं हैं। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यदि ऐसी फैक्ट्रियां बंद होती हैं तो केवल कारोबार ही प्रभावित नहीं होगा, बल्कि पारंपरिक हुनर बिखरेगा, रोजगार के अवसर कम होंगे और इसका असर आम लोगों पर बढ़ती महंगाई के रूप में भी पड़ेगा। उन्होंने कहा कि इसकी सबसे अधिक कीमत मेहनतकश और हुनरमंद भारतीयों को चुकानी पड़ेगी।
    राहुल गांधी ने फेसबुक पर एक पोस्ट में कहा कि उन्होंने राजस्थान के स्थानीय बस और ट्रक बॉडी बिल्डर्स से मुलाकात की, जहां उन्हें ऐसा भारत देखने को मिला जो अपने हाथों से रोजगार भी बनाता है और देश की रफ्तार भी बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि इन कारीगरों की विश्वस्तरीय कारीगरी को सम्मान और सहयोग मिलना चाहिए, लेकिन उन्हें नियमों के बोझ तले काम बंद करने पर मजबूर किया जा रहा है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार की एमएसएमई विरोधी नीतियां इन उद्योगों का गला घोंट रही हैं। उन्होंने कहा कि जब छोटे उद्योग हारते हैं, तब सिर्फ फैक्ट्री नहीं बंद होती, बल्कि भारत का हुनर हारता है और मेहनतकश कारीगर बेरोजगार होता है। राहुल गांधी ने कहा कि उनकी पार्टी कारीगरों के अधिकार उनसे छिनने नहीं देगी।

    'Make in India' and 'Vocal for Local' have remained mere slogans: Rahul Gandhi. Desh Political rahul-gandhi tazza khabar tazza khabar in hindi
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    admin

    Related Posts

    आज की बारिश ने कमजोर मानसून की कमी को किया पूरा, मौसम के बदलाव से बढ़ती है मुसीबत

    July 7, 2026

    लकड़ी और कार्ड बोर्ड के होटल नुमा घर पेड़ों पर टांग दिए जाएं तो मधुमक्खियों की भांति पक्षी भी बिना डर के रह सकते हैँ

    July 7, 2026

    पेट्रोल पंपों पर मिले जरुरी सुविधाएं! इथनॉल अगर कच्चे तेल की कमी पूरी करता है तो अच्छा है लेकिन उपभोक्ताओं की शंका का समाधान करने के लिए पारदर्शी व्यवस्था जरुरी है

    July 7, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Tazza khabar. All Rights Reserved.
    • Our Staff
    • Advertise

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.