मंसूरपुर (मुजफ्फरनगर) 06 जुलाई। थाना क्षेत्र के जड़ौदा गांव के गोदाम में क्रिप्टो-क्रिश्चियन यानी गुप्त ईसाई जैसे मामले का भंडाफोड़ हुआ। गोदाम में चल रही प्रार्थना सभा के दौरान पुलिस और बजरंग दल के कार्यकर्ता पहुंच गए। हंगामे के बीच मौके से 12 आरोपी पकड़े गए। पुलिस ने गोदाम मालिक समेत 14 आरोपियों के खिलाफ धर्मांतरण की प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस ने मौके से पकड़ी गई पांचों महिलाओं को वन स्टॉप सेंटर भेज दिया।
बजरंग दल के जिला संयोजक भोपा के तिस्सा निवासी रवि ने पुलिस को जानकारी दी कि सुजडू गांव का राशिद जड़ौदा गांव के अपने गोदाम में धर्मांतरण करा रहा है। अपने साथियों के साथ वह क्षेत्र के विभिन्न गांवों से आए लोगों को बहला-फुसलाकर और लालच देकर षडयंत्र रच रहा है।
मिशन शक्ति और पुलिस टीम मौके पर पहुंची तो प्रार्थना सभा चल रही थी। घेराबंदी शुरू होते ही पुलिस को विरोध का सामना भी करना पड़ा। सीओ खतौली रुपाली राय ने बताया कि मौके से पांच महिलाओं सहित 12 लोगों को पकड़ा गया है। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस पूरे मामले की छानबीन कर रही है। वादी की तहरीर पर राशिद समेत 14 के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
मुफ्त में मकान और शादी का दिया झांसा
आरोप है कि आरोपी लोगों को मुफ्त में बीमारी ठीक कराने, मुफ्त में मकान बनवाने और शादी के लिए पैसे देने जैसे लालच देते हैं। इन अवैध संसाधनों का उपयोग कर सीधे-सादे लोगों को प्रभावित किया जाता है। कपटपूर्वक प्रलोभन देकर लोगों को धर्म बदलने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। वादी रवि चौधरी ने कहा कि ऐसी गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाना अत्यंत आवश्यक है।
मौके से पुलिस को यह मिला सामान
पुलिस ने मौके से छह मोबाइल, तीन धार्मिक पुस्तक और तीन डायरी बरामद की है। इनमें आरोपियों की गतिविधियों का लेखा-जोखा है। पुलिस ने इनकी जांच शुरू कर दी है।
इनके खिलाफ लिखी गई धर्मांतरण की रिपोर्ट
सुजडू गांव के राशिद, मोनिश, आशु, चांदनी, सरिता, अमरीश, कार्तिक, सठेड़ी निवासी कनक, शीश पाल, गांव जड़ौदा निवासी प्रवीण, जोहरा निवासी संजीव, संगीता, पूजा, मोनू शामिल है। पुलिस ने गोदाम मालिक राशिद और उसके भाई मोनिश की तलाश कर रही है। अन्य पांच महिलाओं सहित 12 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

