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    Home»न्यूज़»हनुमान जी को क्यों बनाया भगवान श्रीराम ने अयोध्या का रक्षक?
    न्यूज़

    हनुमान जी को क्यों बनाया भगवान श्रीराम ने अयोध्या का रक्षक?

    adminBy adminMay 11, 2026No Comments3 Views
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    नई दिल्ली, 11 मई (ता)। देशभर में हनुमान जी को समर्पित कई मंदिर हैं, जिनका विशेष महत्व है। इन्हीं मंदिरों में शामिल है आयोध्या का हनुमान गढ़ी मंदिर। यह मंदिर आस्था का केंद्र है। मंदिर एक ऊंचे टीले पर स्थित है, जहां पहुंचने के लिए 76 सीढ़ियां चढ़नी पड़ती हैं।
    पौराणिक कथा के मुताबिक, भगवान राम जी ने हनुमान जी को वरदान दिया था कि मेरे से पहले तुम्हारे दर्शन होंगे। इसलिए अयोध्या में भगवान राम जी के दर्शन करने से पहले भक्तों को हनुमान गढ़ी में हनुमान जी के दर्शन जरूर करने चाहिए। मंदिर में बजरंबली के दर्शन करने के बाद ही रामलला के दर्शन का शुभ फल प्राप्त होता है।
    मंदिर में भक्तों को आने पर खास ऊर्जा और शांति का अनुभव होता है।
    पौराणिक कथा के मुताबिक, भगवान श्रीराम रावण की लंका पर विजय हासिल करने के बाद जब अयोध्या आए, तो नगरी में प्रभु, माता सीता और भाई लक्ष्मण के आने का उत्साह मनाया जा रहा था। भगवान राम का राज्याभिषेक हुआ। इसके बाद राम जी ने सभी को विदा किया, लेकिन हनुमान जी अयोध्या को छोड़कर नहीं जाना चाहते थे।
    बजरंगबली ने राम जी से कहा कि मैं आपके चरणों में ही अपना जीवन समर्पित करना चाहता हूं। राम जी हनुमान जी की भक्ति और भाव से प्रसन्न हुए और उन्होंने अयोध्या का कोतवाल (रक्षक) नियुक्त किया। राम जी ने हनुमान जी को अयोध्या के एक ऊंचे टीले पर स्थान दिया गया, जिससे वे नगरी की रक्षा कर सकें।
    इस दौरान राम जी ने हनुमान जी को वरदान दिया कि हे हनुमान! आज से तुम अयोध्या के रक्षक हो। जो भी भक्त मेरे दर्शन के लिए आएगा, तो उसे मेरे से पहले आपके दर्शन करने होंगे। तुम्हारे दर्शन के बिना मेरे दर्शन का शुभ फल प्राप्त नहीं होगा। इसलिए यह नियम प्राचीन समय से चला आ रहा है कि अयोध्या में राम जी के दर्शन करने से पहले हनुमान गढ़ी मंदिर में बजरंगबली के दर्शन जरूर करना चाहिए।
    इस प्रसंग का वर्णन स्कंद पुराण में देखने को मिलता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, हनुमान गढ़ी मंदिर में हनुमान जी के दर्शन करने से भक्त के सभी पाप नष्ट हो जाते हैं और हर मनोकामना पूरी होती है। साथ ही हनुमान जी कृपा प्राप्त होती है। मंदिर में भक्तों को पहुँचने के लिए 76 सीढ़ियां चढ़नी पड़ती हैं।

    New Delhi tazza khabar tazza khabar in hindi Uttar Pradesh Why did Lord Rama appoint Lord Hanuman as the protector of Ayodhya?
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