Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • दिल्ली से हरिद्वार-ऋषिकेश तक दौड़ेगी नमो भारत? 3 घंटे में तय होगी दूरी
    • सपा नेता आईपी सिंह पर एफआईआर बोले-सरकार आपकी, फांसी पर चढ़ा दें
    • यूपी की फाइनल वोटर लिस्ट जारी, 84 लाख मतदाता बढ़े
    • फर्जी सैलरी स्लिप के जरिए बैंक से लिया करोड़ों का पर्सनल लोन, 5 गिरफ्तार
    • स्कोडा की कारों पर लाखों रुपये के डिस्काउंट ऑफर मिल रहे
    • अक्ल पर ताला लगा रहा एआई! खत्म हो रही इंसानों की तर्क-शक्ति
    • सरकार और निर्माणकर्ता असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को दे मुआवजा लेकिन एफआईआर उचित नहीं
    • सेंट्रल मार्केट के व्यापारियों को सरकार दुकानें बनाकर देने के साथ दे आर्थिक मदद, दोषी अफसरों को भी भेजा जाए जेल, एक व्यक्ति को दी जाए नौकरी, बाजार बंद ने स्पष्ट किया कि हर कोई व्यापारी के साथ है
    Facebook Instagram X (Twitter) YouTube
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Demo
    • न्यूज़
    • लेटेस्ट
    • देश
    • मौसम
    • स्पोर्ट्स
    • सेहत
    • टेक्नोलॉजी
    • एंटरटेनमेंट
    • ऑटो
    • चुनाव
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Home»देश»पूर्व समाज कल्याण अधिकारी की व्यक्तिगत संपत्ति हुई सीज, कर्मचारियों के खिलाफ जांच की कार्रवाई पोर्टल पर होगी जारी
    देश

    पूर्व समाज कल्याण अधिकारी की व्यक्तिगत संपत्ति हुई सीज, कर्मचारियों के खिलाफ जांच की कार्रवाई पोर्टल पर होगी जारी

    adminBy adminApril 8, 2026No Comments10 Views
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    देश में बढ़ते भ्रष्टाचार से कोई भी अनभिज्ञ नहीं है लेकिन हमेशा यह देखा गया कि अफसर के सेवानिवृत होने के बाद ज्यादातर मामलों में कार्रवाई नहीं हो पाती। इसलिए कई विभागों के अफसर खुलकर खेलते हैं और जब फंसने की बारी आती है तो वीआरएस ले लेते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इस बारे में शुरु कराए गए अभियान और भ्रष्टाचार रोकने के लिए प्रयासरत सीएम योगी के कड़े रुख का परिणाम कह सकते हैँ कि एक पूर्व समाज कल्याण अधिकारी की करीब ढाई करोड़ की संपत्ति जब्त की गई है। एक खबर के अनुसार लखनऊ कमिश्नरेट व शाहजहांपुर पुलिस ने वृद्धावस्था पेंशन घोटाले में मुख्य आरोपी पूर्व जिला समाज कल्याण अधिकारी राजेश कुमार की लखनऊ में संपत्ति सीज और फ्रीज कर दी। संपत्ति में भूमि, गेस्ट हाउस और कार शामिल हैं। संपत्ति की कीमत दो करोड़ 53 लाख 85 हजार रुपये आंकी गई है।
    जुलाई 2023 में वृद्धावस्था पेंशन घोटाले का भंडाफोड़ हुआ था। बुजुर्गों के बैंक खातों में हेरफेर कर करोड़ों रुपये का घोटाला किया गया था। 28 जुलाई 2023 को जिला समाज कल्याण अधिकारी वंदना सिंह ने थाना सदर बाजार में तत्कालीन जिला समाज कल्याण अधिकारी राजेश कुमार समेत नौ लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। जांच में सामने आया था कि गिरोह बनाकर वृद्धावस्था पेंशन योजना के लगभग 2,52,39,000 रुपये का सरकारी धन का गबन किया गया। मूलरूप से मऊ के थाना मोहम्मदाबाद गोहना के गांव तुलसीपुर कुड़वा के रहने वाला राजेश कुमार गिरोह का सरगना था। उसके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई थी।
    चार अप्रैल के डीएम के आदेश पर अनुपालन में सोमवार को आरोपी के अवैध रूप से अर्जित कुल 2,53,85,000 रुपये की संपत्ति व वाहन को कमिश्नरेट लखनऊ व शाहजहांपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने सीज व फ्रीज कर दिया। आरोपी अवैध रूप से अर्जित संपत्ति को न तो खुर्द-बुर्द कर सकेगा और न ही विक्रय कर सकेगा। आरसी मिशन थाने के अपराध निरीक्षक अमित कुमार सिंह व कमिश्नरेट लखनऊ के उप-निरीक्षक ओमप्रकाश ने बताया कि लखनऊ की तहसील सरोजनी नगर में काकोरी रोड पर गांव सरोसा भरोसा में कुल 0.1848 हेक्टेयर भूमि व श्री मंगलम गेस्ट हाउस को सीज किया गया। इसकी अनुमानित कीमत लगभग दो करोड़ 39 लाख 85 हजार रुपये है। इसके अलावा 14 लाख रुपये कीमत की एक कार भी सीज की है।
    भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी कार्रवाई को इससे भी गति मिलेगी कि उप्र के प्रमुख सचिव ने शासनादेश मानव संपदा पोर्टल पर कर्मचारियों के खिलाफ जांच व कार्रवाई का ब्यौरा ऑनलाइन होगा और आम आदमी भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। अभी तक जो फंसता था वह किसी तरह अपनी फाइल दबवा देता था। लेकिन अब यह व्यवस्था ऑनलाइन होने से नागरिकों को भ्रष्टाचारियों से छुटकारा मिलने की उम्मीद बढ़ेगी क्योंकि काम में देेरी से आवेदक नाराज होगा तो वह इस पोर्टल पर शिकायत कर कार्रवाई की अपील कर सकता है। इसलिए कम या ज्यादा सुधार होगा। मेरे द्वारा कई दशक से मांग की जाती रही है कि भ्रष्टाचार करने वालों से सेवानिवृति के बाद भी उनकी संपत्ति से नुकसान की भरपाई करनी चाहिए क्योंकि सरकारी खजाने से पैसा जाता है तो इन्हें दर्द नहीं होता। घर से १०० रुपये भी लगते हैं तो इनके चेहरे पर शिकन आती है। जब जो पूर्व समाज कल्याण अधिकारी की संपत्ति कार गेस्ट हाउस और अन्य सामान अटैच किया गया है इससे बेईमान साबित हो चुके उन अफसरों से वसूली होने और सरकारी खजाने के नुकसान की भरपाई का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। यह कह सकते हैं कि पूर्व समाज कल्याण अधिकारी की संपत्ति जब्त होना शासन और सरकारी विभागों के लिए संदेश होगा कि कुछ भी गडबड़ करने पर बख्शे नहीं जाओगे।
    (प्रस्तुतिः-रवि कुमार बिश्नोई संपादक दैनिक केसर खुशबू टाइम्स मेरठ)

    sampadkiya tazza khabar tazza khabar in hindi
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    admin

    Related Posts

    दिल्ली से हरिद्वार-ऋषिकेश तक दौड़ेगी नमो भारत? 3 घंटे में तय होगी दूरी

    April 10, 2026

    सपा नेता आईपी सिंह पर एफआईआर बोले-सरकार आपकी, फांसी पर चढ़ा दें

    April 10, 2026

    यूपी की फाइनल वोटर लिस्ट जारी, 84 लाख मतदाता बढ़े

    April 10, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Tazza khabar. All Rights Reserved.
    • Our Staff
    • Advertise

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.