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    Home»न्यूज़»रितेश की याचिका पर न्यायमूर्ति संदीप जैन ने सुनवाई की
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    रितेश की याचिका पर न्यायमूर्ति संदीप जैन ने सुनवाई की

    adminBy adminJuly 15, 2026No Comments4 Views
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    प्रयागराज, 15 जुलाई (ता)। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मेरठ के वर्ष 2007 के चर्चित फर्जी पॉवर ऑफ अटॉर्नी और बैंक ऋण से जुड़े धोखाधड़ी मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए आरोपी रितेश जायसवाल के विरुद्ध लंबित आपराधिक कार्यवाही और आरोपपत्र को रद्द कर दिया। न्यायालय ने कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों से स्पष्ट है कि आवेदक स्वयं धोखाधड़ी का शिकार हुआ था, न कि उसका सहभागी। ऐसे में उसके विरुद्ध मुकदमे को जारी रखना न्यायिक प्रक्रिया का दुरुपयोग होगा। रितेश की याचिका पर न्यायमूर्ति संदीप जैन ने सुनवाई की।
    मामले के अनुसार, विवादित संपत्ति मूल रूप से मूलचंद, नत्थू सिंह और सोहनलाल की थी, जिनकी मृत्यु वर्ष 1990 के आसपास हो चुकी थी। इसके बावजूद सह-आरोपी विक्रम अस्थाना ने वर्ष 2007 में मूलचंद के नाम से फर्जी पॉवर ऑफ अटॉर्नी तैयार कर स्वयं को उनका अधिकृत प्रतिनिधि बताकर रितेश जायसवाल के माता-पिता से 12.50 लाख रुपये में संपत्ति बेचने का सौदा किया। उन्होंने अग्रिम राशि भी अदा की और शेष धनराशि के लिए बैंक से ऋण लेने की प्रक्रिया शुरू की।

    /prayagraj Court Order Justice Sandeep Jain heard Ritesh's petition. tazza khabar tazza khabar in hindi Uttar Pradesh
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