अलीगढ़/चंडौस, 20 जून। चंडौस क्षेत्र में पांच माह पहले मांस से भरी पिकअप पकड़े जाने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मांस की सैंपल रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ है कि यह गोवंश का था।
चालक ने पूछताछ में बताया कि उसकी सप्लाई खुर्जा की अल हम्द फ्रोजन फूड्स प्राइवेट लिमिटेड (मीट फैक्ट्री) से हुई थी। चालक पहले ही जेल जा चुका है। शुक्रवार को पुलिस ने मीट फैक्ट्री के मालिक हाजी अनवर हुसैन को गिरफ्तार कर लिया। अनवर पूर्व केंद्रीय मंत्री सरवर हुसैन के भाई हैं। उनके समर्थन में बुलंदशहर के तमाम लोग थाने पहुंचे, मगर पुलिस ने किसी की नहीं सुनी। दोपहर में अनवर को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया।
15 जून की रात चंडौस के गांव दौरऊ स्थित ओवरब्रिज से पुलिस ने 200 किलो मांस से भरी गाड़ी पकड़ी थी। प्लास्टिक की थैली में मांस भरा हुआ था। सूचना पर पहुंचे गोरक्षा दल के सदस्यों ने कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा किया था। पुलिस ने चालक बरेली के थाना भोजीपुरा के गांव भूडा निवासी असफाक व सहचालक बरेली के थाना सीवीगंज के गांव तिलियापुर निवासी इस्लाम उर्फ भूरा को गिरफ्तार किया। मांस को गड्ढा खुदवाकर दफना दिया था। उसका सैंपल लेकर पं. दीनदयाल पशु चिकित्सा विज्ञान व गो-अनुसंधान संस्थान मथुरा में जांच को भेजा।
सीओ गभाना महेश कुमार ने बताया पिछले माह सैंपल रिपोर्ट में पाया गया कि यह गोमांस था। चालक-हेल्पर से पूछताछ की तो पता चला कि मांस को खुर्जा की अल हम्द मीट फैक्ट्री से लेकर आए थे। शुक्रवार को चंडौस इंस्पेक्टर सत्यवीर सिंह की टीम ने खुर्जा से फैक्ट्री मालिक अनवर हुसैन को गिरफ्तार कर लिया। यहां मेडिकल कराने के बाद दोपहर में उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया।
गौतमबुद्धनगर सांसद के प्रतिनिधि भी थाने पहुंचे
हाजी अनवर हुसैन खुर्जा में प्रतिष्ठित व्यक्तियों में शामिल है। गिरफ्तारी की सूचना पर गौतमबुद्धनगर सांसद महेश शर्मा के प्रतिनिधि सत्यप्रकाश व अन्य लोग भी थाना चंडौस पहुंचे। उन्होंने तर्क रखा कि फैक्ट्री लीज पर दे रखी है। हालांकि बाद में स्पष्ट हुआ कि फैक्ट्री में अनवर समेत चार पार्टनर हैं। पूछताछ के बाद पुलिस ने अनवर को मेडिकल के लिए सीएचसी भेजा तो वह फिर से निजी गाड़ी से जाने की बात करने लगे। लेकिन, पुलिस दिखाते हुए सरकारी गाड़ी में बिठाकर सीएचसी ले गई।
लंबे समय से हो रही गोमांस की सप्लाई
जनवरी में गाड़ी पकड़े जाने के दौरान गो रक्षा दल के सदस्यों ने गोमांस होने का आरोप लगाकर हंगामा किया था। तब चालक व हेल्पर ने पूछताछ में फैक्ट्री का नाम बता दिया था। लेकिन, पुलिस को सैंपल रिपोर्ट का इंतजार था। चालक व हेल्पर ने बताया था कि फैक्ट्री से लंबे समय से गोमांस का अवैध रूप से कटान हो रहा है।

