बागपत / अमीनगर सराय 29 मई। हत्या की धमकी मिलने के बाद डौला गांव का नितिन राणा मौत से डर से दो महीने से घर में छिपा रहा, लेकिन जान के पीछे पड़े लोगों ने इंस्टाग्राम पर दोस्ती कर उसे तलाश लिया। हमलावरों ने एक माह तक नितिन से बातचीत की और फिर भरोसे में लेकर बुधवार को पार्टी करने के बहाने लोनी में बुलाकर गोली मारकर हत्या कर दी।
कीपैड वाला फोन चलाने वाले डौला गांव के नितिन (20) ने घर के स्मार्ट फोन पर इंस्टाग्राम आईडी बना रखी थी दो महीने पहले नितिन ने प्रेमी के साथ गई बसौद गांव की यवती को लिफ्ट देकर अग्रवाल मंडी टटीरी तक छोड़ दिया था। तभी से युवती के परिवार वाले उसके पीछे लग गए।
नितिन से पूछताछ भी गई और उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई। इससे नितिन राणा और उसके परिजन डर गए, लेकिन उन्होंने पुलिस से शिकायत नहीं की।
धमकी मिलने पर नितिन के सतर्क होकर घर से बाहर नहीं निकलने पर हमलावरों ने ऐसा जाल बिछाया कि वह बच नहीं सका। वह खुद ही गांव से बाहर हमलावरों के पास पहुंच गया। नितिन के भाई चांद ने बताया कि नितिन की हत्या के बाद घर का मोबाइल खंगाला तो इंस्टाग्राम पर भाटी 880 नाम की आईडी पर लंबी बातचीत की चौट मिली उसकी बातचीत रॉकी गुर्जर के नाम से बनी आईडी पर होती थी। चौट में नितिन के साथ युवती के बारे में भी बातचीत की गई और कई बार मिलने और पार्टी करने के बहाने से नितिन को गांव से बाहर बुलाने का प्रयास भी किया गया। एक महीने तक बातचीत के बाद आखिरकार नितिन को इंस्टाग्राम वाले दोस्त पर विश्वास हो गया और वह अपने गांव से बाहर चला गया। आरोपियों ने घर से बुलाकर उसकी हत्या कर दी। नितिन की हत्या की जांच में जुटी गाजियाबाद की लोनी पुलिस उसके घर का मोबाइल भी लेकर चली गई।
छह करोड़ की प्रॉपर्टी बेच गांव छोड़ गए थे हत्यारोपी
बसौद गांव के रहने वाले बचन सिंह का डौला नहर की पटरी पर बड़ा फार्म हाउस था और काफी जमीन भी थी। दो माह पहले बचन सिंह की बेटी तनीषा के घर से जाने के बाद उन्होंने तलाश शुरू कर दी। तभी उन्हें लिफ्ट देने वाले नितिन राणा के बारे में पता चला तो उसे कई बार हत्या की धमकी दी। बताया कि तनीषा रिश्तेदार के एक युवक के पास मिल गई, जिसकी उन्होंने शादी करा दी, लेकिन नितिन राणा का पीछा नहीं छोड़ा। बचन सिंह के बेटे आशुतोष और तनीषा ने हत्या की पूरी साजिश रची। इस दौरान उन्होंने फार्महाउस से लेकर खेती की जमीन करीब छह करोड़ रुपये में बेच दी और डेढ़ महीने पहले गांव छोड़कर चले गए थे।
हत्यारोपियों के एनकाउंटर की मांग, धरने पर बैठे परिजन
डोला गांव के नितिन राणा की हत्या से गुस्साए परिजनों ने गाजियाबाद में पोस्टमार्टम के बाद शव लाने से इन्कार कर दिया। वह आरोपियों का एनकाउंटर कराने की मांग को लेकर घर के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने कहा कि आरोपियों का एनकाउंटर होने के बाद ही शव का अंतिम संस्कार किया जाएगा। गाजियाबाद और बागपत पुलिस के अफसरों ने उनसे संपर्क कर दो दिन में हत्याकांड का खुलासा करने का आश्वासन देकर मनाने का प्रयास किया, लेकिन वे नहीं माने। दिनभर धरना देने के बाद पुलिस व गांव के लोगों के समझाने पर शव लाने के लिए तैयार हुए और बृहस्पतिवार शाम शव लेने गाजियाबाद चले गए।
दो भाइयों पर प्राथमिकी
बागपत के नितिन राणा हत्याकांड में पुलिस ने आधीरात को डोला गांव निवासी सगे भाई आशुतोष और तनिष के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी के लिए पलिस ने दबिश दी, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने पांच लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ करनी शुरू कर दी है। हत्यारोपियों ने इंस्टाग्राम आईडी पर कुछ देर पहले चौट करके ही उसे लोनी लाया गया था। एसीपी लोनी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि बागपत के होला गांव निवासी नितिन राणा की गोली मारकर बुधवार को हत्या कर दी गई थी और शव लोनी के सिकरानी गांव के पास शव मिला था। नितिन के चचेरे भाई चाद ने गांव के ही आशुतोष और तनिष पर हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी थी।

