गांधीनगर, 05 फरवरी। गुजरात में गांधीनगर की एक अदालत ने गृहकार्य (होमवर्क) पूरा न करने पर नौवीं कक्षा की छात्रा को थप्पड़ मारने की आरोपी स्कूल शिक्षिका को दोषी ठहराते हुए तीन साल से अधिक की सजा सुनाई है। इस घटना से छात्रा के बाएं कान का पर्दा फट गया और उसे सुनने में दिक्कत होने लगी।
अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हिमांशु चौधरी ने 30 जनवरी को अपने फैसले में कहा कि यह अपराध एक शिक्षक द्वारा अपने अधिकार का गलत इस्तेमाल था, जिससे 14 साल की लड़की को गंभीर चोट लगी और उसे ‘‘लंबे समय तक सुनने में दिक्कत’’ हुई।
अदालत ने यह भी कहा कि घटना के साढ़े चार साल बाद भी पीड़िता का उपचार जारी है। अदालत ने शिक्षिका पारुलबेन पटेल को भारतीय दंड संहिता की धारा 325 और किशोर न्याय अधिनियम की धारा 75 के तहत लड़की की पिटाई करने और जानबूझकर गंभीर चोट पहुंचाने का दोषी ठहराया और उसे तीन साल एवं तीन महीने जेल की सजा सुनाई।
अदालत ने उस पर 50,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया और निर्देश दिया कि यह रकम पीड़िता को मुआवजे के तौर पर दी जाए।
Trending
- सर से सरके चुनर व टटीरी गाने को लेकर राष्ट्रीय महिला आयोग का एक्शन सही, फिल्म सेंसर बोर्ड अश्लीलता फैलाने वालों को सम्मान और पुरस्कार से रखा जाये दूर
- जयंत चौधरी को मिली धमकी समर्थक हैं चिंतित, पूर्ण सुरक्षा की उठाई मांग, सोशल मीडिया एसोसिएशन एसएमए ने भी पूर्ण सुरक्षा की मांग की
- सट्टेबाजी सिंडिकेट पर सरकार सख्त, 300 अवैध बेटिंग वेबसाइट्स-एप ब्लॉक किए
- मुजफ्फरनगर में गौशाला के नाम पर 28 लाख की ठगी, 24 घंटे में 7 आरोपी गिरफ्तार; 22 लाख नकद बरामद
- गुजरात में 2.38 करोड़ रुपये के जाली नोटों के साथ सात लोग गिरफ्तार
- मेरठ-पौड़ी हाईवे और प्रस्तावित गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे के पास औद्योगिक कॉरिडोर विकसित करने को प्रस्ताव तैयार, 16 गांवों की भूमि का चयन
- पांवधोई नदी में दूषित पानी से सैकड़ों मछलियां मरीं, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जांच को भेजे पानी के नमूने
- यूपी को 4 साल बाद मिलेगा स्थायी DGP, IPS राजीव कृष्ण का नाम सबसे आगे

