Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • बिहार में 17 अगस्त से जमीन-फ्लैट की रजिस्ट्री होगी पेपरलेस, डीड से स्टांप तक पूरा काम ऑनलाइन
    • हिमाचल के सोलन में NH-205 पर भूस्खलन, कार पर गिरी चट्टान; एक की मौत और दो घायल
    • 10-20 के प्लास्टिक नोट के ट्रायल को मंजूरी, जानिए कितने छपेंगे नए नोट
    • होटल-रेस्तरां वालों के लिए नई एडवाइजरी, एक गलती और बंद हो जाएगी दुकान, जानिए नए निर्देश
    • बारिश से भरभरा कर गिरी मकान की छत, मलबे में दबकर वृद्धा की मौत, दो घायल
    • फार्मा कंपनियों पर केस, जब्त की कोडीन सीरप की 5,050 बोतलें
    • BEYOND THE BARRICADES: THE ‘MANTAR’ OF HARMONY AT JANTAR MANTAR
    • राज्य सरकार पूरे प्रदेश में अपराएगी गोमूत्र डेरी का माडल
    Facebook Instagram X (Twitter) YouTube
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Demo
    • न्यूज़
    • लेटेस्ट
    • देश
    • मौसम
    • स्पोर्ट्स
    • सेहत
    • टेक्नोलॉजी
    • एंटरटेनमेंट
    • ऑटो
    • चुनाव
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Home»देश»राज्य कर विभाग में आईएएस अधिकारियों की तैनाती का दायरा लगातार बढ़ रहा
    देश

    राज्य कर विभाग में आईएएस अधिकारियों की तैनाती का दायरा लगातार बढ़ रहा

    websitemarketing2019@gmail.comBy websitemarketing2019@gmail.comJuly 13, 2026No Comments5 Views
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    लखनऊ, 13 जुलाई (ता)। राज्य कर विभाग में आईएएस अधिकारियों की तैनाती का दायरा लगातार बढ़ रहा है। नोएडा के बाद अब कानपुर और गाजियाबाद में भी आईएएस अधिकारियों को एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-वन का प्रभार दिया गया है। विभाग में चार आईएएस अधिकारियों की तैनाती की तैयारी मानी जा रही है। सूत्रों के मुताबिक आगरा या वाराणसी में भी जल्द किसी आईएएस अधिकारी को इसी पद पर तैनात किया जा सकता है।
    गत दिवस जारी आदेश में आईएएस अधिकारी परीक्षित खटाना को नोएडा व अजय कुमार गौतम को गाजियाबाद में एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-वन का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। इससे पहले कानपुर में भी एक आईएएस अधिकारी की तैनाती हो चुकी है। विभागीय हलकों में इसे प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत करने की कवायद माना जा रहा है।
    इस फैसले से राज्य कर विभाग के मूल काडर के ग्रेड-वन अधिकारियों में असंतोष बढ़ गया है। विभाग में एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-वन के कुल 22 पद हैं और सभी पर नियमित अधिकारी तैनात हैं। आईएएस अधिकारियों को इसी पद का प्रभार दिए जाने से वरिष्ठ अधिकारियों के अधिकार और निर्णय क्षमता प्रभावित हो रही है। वाणिज्य कर सेवा संघ के एक पदाधिकारी का कहना है कि जिस जिले में एक ही स्तर के दो अधिकारी होंगे, वहां आईएएस अधिकारी का निर्णय ही प्रभावी माना जाएगा। इससे मूल कैडर के अधिकारियों की भूमिका सीमित हो जाएगी।
    विभागीय सूत्रों के मुताबिक एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-वन के 22 पदों में से केवल दो पद ही आईएएस अधिकारियों के लिए स्वीकृत हैं। इसके बावजूद लगातार आईएएस अधिकारियों की तैनाती बढ़ने से कैडर अधिकारियों में भविष्य को लेकर चिंता है। उनका कहना है कि राज्य कर जैसे तकनीकी विभाग में 20 से 22 वर्ष का फील्ड अनुभव रखने वाले अधिकारियों के सुझावों का पर्याप्त उपयोग नहीं हो पा रहा है। वरिष्ठ अधिकारियों का यह भी कहना है कि राज्य सरकार के कुल कर राजस्व में राज्य कर विभाग की हिस्सेदारी लगभग 19 फीसदी है। उनका दावा है कि केंद्रीय जीएसटी जैसे तकनीकी कर प्रशासन में फील्ड स्तर पर आईएएस अधिकारियों की तैनाती नहीं की जाती।

    Desh New Delhi tazza khabar tazza khabar in hindi The scope of posting IAS officers in the State Tax Department is continuously expanding.
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    websitemarketing2019@gmail.com
    • Website

    Related Posts

    बिहार में 17 अगस्त से जमीन-फ्लैट की रजिस्ट्री होगी पेपरलेस, डीड से स्टांप तक पूरा काम ऑनलाइन

    August 11, 2026

    हिमाचल के सोलन में NH-205 पर भूस्खलन, कार पर गिरी चट्टान; एक की मौत और दो घायल

    August 11, 2026

    10-20 के प्लास्टिक नोट के ट्रायल को मंजूरी, जानिए कितने छपेंगे नए नोट

    August 11, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Tazza khabar. All Rights Reserved.
    • Our Staff
    • Advertise

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.