बीते दिनों भाजपा के एक बड़े नेता के कमिश्ररी गेट पर लगे पोस्टर पर एक कागज चस्पा किया गया जिस पर आपत्तिजनक भाषा का उपयोग करते हुए लिखा कि पूजा १७ साल से लापता है और उसे तलाशा जा रहा है। पूजा तुम कहां हो जैसे संबोधनों का चस्पा पोस्टर अब परतापुर क्षेत्र के रेपिड रेल के पिलरों पर भी लिखे नजर आ रहे हैं। चर्चा है कि पुलिस फुटेज खंगालकर पोस्टर लगाने वाले की पहचान का प्रयास कर रही है। मगर यह ताज्जुब की बात है कि पिछले कई दिनों से चर्चित इस पोस्टर को लगाने वाले की तलाश अभी तक नहीं हो पाई है। पूजा कोई काल्पनिक नाम है या सही यह तो तभी पता चल सकता है कि यह पोस्टर किसने क्यों लगाया। मगर इसके लिए दोषी के ना पकड़े जाने और स्थिति का खुलासा ना होने से यह चर्चा जरुर रही है कि इससे संबंधित को पकड़ा जाना चाहिए वरना कोई भी किसी को बदनाम करने के लिए ऐसा कार्य कर सकता है जिससे पुलिस प्रशासन के सामने समस्या खड़ी होगी और समाज पर भी इसका बुरा असर पड़ेगा।
(प्रस्तुतिः- रवि कुमार बिश्नोई संपादक दैनिक केसर खुशबू टाइम्स मेरठ)
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