पटना, 03 जुलाई (ता)। आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने पटना के 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली कर दिया है। दोनों अब कौटिल्य नगर स्थित अपने निजी आवास में शिफ्ट हो गए हैं। वहीं, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव अपने परिवार के साथ 1 पोलो रोड स्थित सरकारी आवास में रहेंगे। तेजस्वी अपने साथ लालू यादव की सबसे पसंदीदा और चर्चित ‘मिलिट्री डिस्पोजल’ जीप भी नए आवास में ले गए हैं। यह जीप 1977 में लालू यादव ने पहली बार सांसद बनने के बाद सेना की नीलामी से खरीदी थी। तब इसकी कीमत सिर्फ 5000 रुपए थी। इस जीप को खरीदने के लिए वे खुद कोलकाता गए थे।
दरअसल, 10 सर्कुलर रोड लंबे समय तक लालू परिवार का प्रमुख सरकारी आवास रहा। राबड़ी देवी को साल 2006 में बिहार विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष बनने के बाद यह सरकारी आवास अलॉट किया गया था। तब से यह बंगला बिहार की राजनीति के कई अहम फैसलों का केंद्र माना जाता रहा है।
इसी आवास में रहते हुए तेजस्वी यादव ने भी साल 2015 में पहली बार बिहार के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। अब परिवार के नए आवास में शिफ्ट होने के साथ ही इस बंगले से जुड़ा एक लंबा राजनीतिक अध्याय भी समाप्त हो गया है।
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को आवंटित 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली करने की समय-सीमा बीते गत दिवस समाप्त हो गई थी। भवन निर्माण विभाग ने उन्हें बंगला खाली करने के लिए चार बार नोटिस जारी किया था। हालांकि, दो दिन पहले ही राबड़ी देवी के आप्त सचिव ने भवन निर्माण विभाग को पत्र लिखकर आवास खाली करने के लिए 5 जुलाई तक अतिरिक्त समय देने का अनुरोध किया था। इससे पहले नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी सोमवार को अपना सरकारी आवास खाली कर 1 पोलो रोड स्थित नए सरकारी आवास में शिफ्ट हो गए थे। पूर्व सीएम राबड़ी देवी की ओर से जो भवन निर्माण विभाग को चिट्ठी लिखी गई। इसमें कहा गया था कि विभाग की तरफ से चार्ज रजिस्टर उपलब्ध नहीं करवाया गया है। इस रजिस्टर में उनसभी सामानों की लिस्ट दर्ज है, जिन्हें इस बंगले में शिफ्ट होते वक्त राबड़ी देवी को उपलब्ध करवाया गया था।
ये चार्ज रजिस्टर राबड़ी देवी को साल 2006 में उपलब्ध करवाया गया था। राबड़ी देवी ने इस लेटर के जरिए चार्ज रजिस्टर दोबारा से उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि सामानों के मिलान में किसी तरह का कन्फ्यूजन न हो।
भवन निर्माण विभाग ने लालू फैमिली को 22 जून को अंतिम नोटिस जारी करते हुए 7 दिनों के भीतर आवास खाली करने का निर्देश दिया था। इससे पहले भी 3 बार नोटिस भेजे जा चुके हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि 29 जून तक आवास खाली नहीं होने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। राज्य सरकार 10 सर्कुलर रोड स्थित आवास मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित कर चुकी है, लेकिन राबड़ी देवी के कब्जे में होने के कारण नए आवंटी को अब तक इसका कब्जा नहीं मिल सका है।
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