शामली, 09 जून (ता)। मेडिकल व्यवसायी के बेटे का कथित तौर पर ब्रेन वॉश करके धर्मांतरण कराने के मामले में नया मोड़ आ गया है। धर्मपरिर्वन कर आयुष से मोहम्मद अली बने बेटे ने गत दिवस खुद ही सामने आकर कहा कि उसने किसी के दबाव में नहीं बल्कि अपनी मर्जीं से इस्लाम धर्म अपनाया है। उसने कहा कि उसकी पत्नी और उसके परिजनों पर लगाया जा रहा ब्रेन वॉश का आरोप पूरी तरह बेबुनियाद है। वह चांदनी के संपर्क में आने से पहले ही पूरी तरह इस्लाम की ओर झुक चुका था। उसने अपनी मर्जी से ही चार साल पहले चांदनी से निकाह किया और इस्लाम कुबूला।
उधर, आयुष के पिता और शामली के बड़े दवा कारोबारी देवराज मलिक ने दोहराया है कि उसके बेटे का बीते कुछ वर्षों में इस कदर ब्रेन वॉश किया गया है कि वह किसी की बात नहीं सुनना चाहता। उन्होंने गहनता से मामले की जांच की मांग की है। पुलिस इन आरोपों की जांच के आधार पर कार्रवाई कर रही है, पुलिस कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। चार दिन से देश भर का ध्यान खींच रहे इस प्रकरण में तमाम आरोप-प्रत्यारोप के बाद सोमवार को आयुष मलिक सामने आया। मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए उसने बताया कि उसने खुद धर्म परिवर्तन कर अपना नाम मोहम्मद अली रखा है, उसकी पत्नी और ससुर को जेल भेजना गलत है। उसने कहाकि उसका किसी ने ब्रेनवॉश नहीं किया और न ही धर्म परिवर्तन एक दो दिन में किया जा सकता है। आयुष उर्फ मोहम्मद अली का कहना है कि मैं स्कूल टाइम से ही इस्लाम धर्म को जानने लगा था। 2008 में तो मैंने कुरआन की दो आयतें सीख ली थीं। साल 2012 में मैं इस्लाम को अच्छे से जानने लगा। यूट्यूब पर पाकिस्तान के डॉ. इसरार को सुनता था, उनकी बात अच्छी लगी।
Trending
- कक्षाओं में लिखा जाता है देश का भविष्य: आनंदीबेन पटेल
- जाट रेजीमेंट सेंटर में 06 से 13 अगस्त तक यूएचक्यू भर्ती रैली
- डाकघरों के कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर काम किया
- कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन को विपक्ष ने दी धार, जंतर मंतर पर पुन: जमे प्रदर्शनकारी
- जाली नोट छापने व बाजार में चलाने वाले गिरोह का भंडाफोड़
- तेल कंपनियों ने करोड़ों का एथनॉल खरीदा
- अमिताभ सर्जरी के बाद घर लौटे
- शर्मिला ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेलों में पदक पर ठोक रही दावा

