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    Home»देश»कोल्ड ड्रिंक, जूस का ज्यादा सेवन आगे चलकर हाई बीपी की समस्या का कारण बन सकता है
    देश

    कोल्ड ड्रिंक, जूस का ज्यादा सेवन आगे चलकर हाई बीपी की समस्या का कारण बन सकता है

    adminBy adminAugust 4, 2026No Comments3 Views
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    नई दिल्ली/वाशिंगटन, 04 जुलाई (ता)। बचपन में कोल्ड ड्रिंक, जूस और मीठे पेय पदार्थों का ज्यादा सेवन आगे चलकर हाई बीपी की समस्या का एक बड़ा कारण बन सकता है। यह बात हार्वर्ड के एक हालिया अध्ययन में सामने आई है। शोध में पाया गया कि जो बच्चे दिन में दो-तीन गिलास से ज्यादा सोडा, एनर्जी/स्पोर्ट्स ड्रिंक्स और फ्रूट जूस पीते थे, उनके युवावस्था में हाई बीपी के शिकार होने की संभावना उन लोगों की तुलना में 52 प्रतिशत अधिक थी जो शायद ही कभी या हफ्ते में एक-दो बार ही इनका सेवन करते थे।
    शोधकर्ताओं ने ग्रोइंग अप टुडे स्टडी (गट्स) के 25,749 प्रतिभागियों के स्वास्थ्य डाटा का विश्लेषण किया। यह एक ऐसा सर्वेक्षण है जो यह ट्रैक करता है कि युवाओं की आदतें आजीवन स्वास्थ्य को कैसे प्रभावित करती हैं। अध्ययन में शामिल प्रतिभागी ( जिनमें 55 प्रतिशत महिलाएं थीं और जिनकी उम्र शुरुआत में लगभग 12 वर्ष थी) की सेहत पर 25 वर्षों तक नजर रखी। हर एक से चार साल के बीच उनके खान-पान का रिकॉर्ड इकट्ठा किया गया।
    जूस की तुलना में साबुत फल खाना ज्यादा फायदेमंद: शोध के मुताबिक, हद दिन सोडा के एक अतिरिक्त गिलास के साथ जोखिम 23 प्रतिशत अधिक था; स्पोर्ट्स ड्रिंक का हर एक अतिरिक्त गिलास जोखिम 36 प्रतिशत बढ़ा देता है। ज्यादा फ्रूट जूस पीने वालों (दिन में 1.5 या उससे अधिक गिलास) में 35 प्रतिशत अधिक जोखिम पाया गया।
    शोधकर्ताओं का कहना है कि साबुत फल के अधिक सेवन से बीपी का जोखिम बढ़ने का कोई संबंध नहीं पाया है। इसकी वजह संभवतः यह है कि शरीर फलों के रस की तुलना में साबुत फलों को अलग तरह से पचाता है।
    ज्यादा पानी पीने से 9 प्रतिशत तक कम होता है खतरा: शोधकर्ताओं ने अनुमान लगाया कि मीठे पेय की दैनिक सर्विंग को पानी से बदलने से उच्च रक्तचाप का जोखिम 9 प्रतिशत तक कम हो सकता है। इसके अलावा, मीठे पेय पदार्थों की जगह दूध ( 13 प्रतिशत) या साबुत फल (22 प्रतिशत) का सेवन से भी जोखिम कम होने के एक महत्वपूर्ण निष्कर्ष माना जा रहा है।

    Desh Excessive consumption of cold drinks and juices can lead to high blood pressure problems later on. health New Delhi tazza khabar tazza khabar in hindi
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