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    Home»देश»श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र को ‘सार्वजनिक धर्मार्थ ट्रस्ट’ करने की मांग
    देश

    श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र को ‘सार्वजनिक धर्मार्थ ट्रस्ट’ करने की मांग

    adminBy adminJuly 14, 2026No Comments4 Views
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    नई दिल्ली, 14 जुलाई (ता)। अधिवक्ता अनूप प्रकाश अवस्थी ने अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के 2019 के फैसले में एक अर्जी दाखिल की है। शीर्ष अदालत में दाखिल अर्जी में यह स्पष्ट करने की मांग की गई है कि राम मंदिर निर्माण और प्रबंधन के लिए गठित किया गया श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पूरी तरह से एक ‘सार्वजनिक धर्मार्थ ट्रस्ट’ है।
    याचिकाकर्ता से सुप्रीम कोर्ट से श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 की धारा 2(एच) के तहत एक सार्वजनिक प्राधिकार घोषित करने की मांग की ताकि इसके वित्तीय लेन-देन और प्रशासनिक निर्णयों में पूर्ण पारदर्शिता और सार्वजनिक जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके। अर्जी में यह स्पष्ट करने की मांग की गई है कि राम मंदिर की सभी चल और अचल संपत्तियों का मालिकाना हक चाहे वे सरकार द्वारा दी गई हों या भक्तों द्वारा दान में दी गई है, उस पर मालिकाना हक भगवान श्री राम के पास है, न कि श्मंदिर ट्रस्टश् के पास। याचिका में सुप्रीम कोर्ट से यह स्पष्ट करने की मांग की है कि ट्रस्ट में वर्तमान में निर्माेही अखाड़े का प्रतिनिधित्व 2019 के फैसले में सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए दिशा-निर्देशों के अनुरूप है या नहीं।

    Demand to designate Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra as a ‘public charitable trust’ Desh New Delhi tazza khabar tazza khabar in hindi
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