नई दिल्ली/ज्यूरिख, 17 मार्च (हि)। जलवायु परिवर्तन का असर अब पृथ्वी की गति पर भी दिखने लगा है। अध्ययन के मुताबिक, जलवायु परिवर्तन के कारण पृथ्वी का घूमना धीरे-धीरे धीमा हो रहा है, जिससे दिन की लंबाई थोड़ी बढ़ रही है।
यह अध्ययन विएना विश्वविद्यालय और ईटीएच ज्यूरिख विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों द्वारा किया गया। अध्ययन में पाया गया कि मानव गतिविधियों से बढ़ रहे जलवायु परिवर्तन के कारण पृथ्वी की घूर्णन गति धीमी हो रही है और इसके परिणामस्वरूप दिन की लंबाई धीरे-धीरे बढ़ रही है।
वैज्ञानिकों ने कहा कि पृथ्वी की गति में यह बदलाव कम से कम पिछले 36 लाख वर्षों में सबसे तेज बदलावों में से एक हो सकता है। शोध के अनुसार, 2000 से 2020 के बीच पृथ्वी के एक दिन की अवधि में लगभग 1.33 मिलीसेकंड प्रति सदी की वृद्धि दर्ज की गई। पृथ्वी की घूर्णन गति धीमी हो रही है, तो इसका मतलब है कि पृथ्वी अपने अक्ष पर घूमती है।
पृथ्वी को एक चक्कर पूरा करने में लगभग 24 घंटे लगते हैं और इसी घूमने की क्रिया को घूर्णन कहते हैं। अध्ययन से जुड़े वैज्ञानिकों का कहना है कि इसका असर ज्यादा नहीं पड़ेगा। लेकिन छोटे असर भी प्रभाव छोड़ सकते हैं। इसका असर समय मापने के सिस्टम, सैटेलाइट और जीपीएस सिस्टम, वैज्ञानिक गणना पर पड़ सकता है।
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