नई दिल्ली 12 मार्च। दुनियाभर में इस वक्त एनर्जी को लेकर कोहराम मचा है। एक तरफ ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच तनाव से समंदर के रास्ते बंद होने का डर है, तो दूसरी तरफ कच्चे तेल की कीमतें 119 डॉलर प्रति बैरल के खतरनाक स्तर को छू रही हैं। ऐसे माहौल में आमतौर पर पेट्रोल पंपों पर लंबी लाइनें और बढ़ी हुई कीमतें दिखती हैं, लेकिन भारतीय ग्राहकों के लिए आज की सुबह एक सुखद सरप्राइज लेकर आई है। तमाम वैश्विक उथल-पुथल के बावजूद, घरेलू तेल कंपनियों ने कीमतों की ढाल बनकर आम आदमी को राहत दी है।
फ्यूल की कीमतें कई चीजों पर निर्भर करती हैं. सबसे बड़ा कारण कच्चा तेल (Crude Oil) है. इसके अलावा, डॉलर के मुकाबले रुपया कितना मजबूत है, इससे भी तय होता है कि तेल इम्पोर्ट करना कितना महंगा पड़ेगा. साथ ही, केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा लगाए जाने वाले टैक्स के कारण अलग-अलग शहरों में कीमतें अलग-अलग होती हैं.
शहरों के अनुसार कीमतों की तालिका
शहर पेट्रोल (₹) डीजल (₹)
नई दिल्ली 94.72 87.62
मुंबई 104.21 92.15
कोलकाता 103.94 90.76
चेन्नई 100.75 92.34
हैदराबाद 107.46 95.70
बेंगलुरु 102.92 89.02
जयपुर 104.72 90.21
चंडीगढ़ 94.30 82.45
पटना 105.58 93.80
इंदौर 106.48 91.88
एक तरफ जहां पेट्रोल-डीजल ने राहत दी है, वहीं दूसरी तरफ एलपीजी सिलेंडर की 1000 रुपये के पार पहुंची कीमतों ने आम आदमी की चिंता बढ़ा दी है। लोग अब इस किल्लत और बढ़ते दामों से निजात पाने का इंतजार कर रहे हैं। फिलहाल सरकार की नजर डॉलर की चाल और खाड़ी देशों के हालातों पर टिकी है।

