कानपुर, 10 फरवरी। वीआईपी रोड पर गत दोपहर को तंबाकू कारोबारी केके मिश्रा के बेटे शिवम की लेम्बोर्गिनी कार की टक्कर से तीन लोगों के घायल होने के बाद भी पुलिस ने मामले को दबाने का प्रयास किया। कार को थाने में लाकर ढंकवाने के साथ ही फौरन अज्ञात में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। हालांकि हाई प्रोफाइल मामले ने तूल पकड़ा।
वीआईपी रोड पर लैंबार्गिनी कार हादसे में घायल की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात कार नंबर के आधार पर मुकदमा दर्ज किया है। हालांकि पुलिस ने कार नंबर के आधार पर अज्ञात चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस आयुक्त का कहना है कि हादसे में तंबाकू कारोबारी के बेटे शिवम मिश्रा का नाम सामने आया है। जिसका नाम मुकदमे में जोड़ा जाएगा। वहीं, शिवम लग्जरी कारों का शौकीन है।
आर्यनगर निवासी तंबाकू कारोबारी केके मिश्रा के बेटे शिवम मिश्रा गत दिवस अपनी लैंबार्गिनी कार से वीआइपी रोड से ज रहे थे। तभी रिंग वाले चौराहे पर कार अनियंत्रित हो गई और सड़क किनारे खड़ी आटो व बुलेट में टक्कर मारने के बाद फुटपाथ पर चढ़ गई। तभी फुटपाथ पर खड़ा चमनगंज निवासी युवक तौफीक अहमद गंभीर घायल हो गया। बुलेट सवार खलासी लाइन निवासी विशाल त्रिपाठी व सोनू त्रिपाठी भी मामूली चोटिल हो गए।
मामले को लेकर चमनगंज घोसियाना निवासी तौफीक अहमद ने पुलिस को तहरीर दी। पुलिस ने नाम पता मालूम होने के बावजूद कार नंबर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की है। इतना ही नहीं पुलिस ने तंबाकू कारोबारी के बेटे शुभम मिश्रा को मौके से छोड़ दिया। घायलों का आरोप है कि मामूली रसूखदार कारोबारी से जुड़ा होने की वजह से पुलिस ने उसकी कार को सुरक्षित थाने के अंदर खड़ा कराया। ग्वालटोली थाना प्रभारी संजय गौड़ ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर कार नंबर के आधार पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच में आरोपित चालक का नाम बढ़ाया जाएगा।
शिवम मिश्रा के पिता केके मिश्रा शहर के प्रतिष्ठित बंशीधर टोबैको ग्रुप के मालिक हैं। करीब 90 साल पहले स्थापित यह कंपनी देश के कई बड़े पान मसाला कंपनियों को कच्चा माल सप्लाई करती है। इनका कारोबार उत्तर प्रदेश से लेकर दिल्ली, गुजरात और मुंबई तक फैला हुआ है। शिवम मिश्रा कंपनी में निदेशक के पद पर हैं और उत्पाद से लेकर फाइनेंस तक के सभी बड़े फैसले वही लेते हैं। दिल्ली के वसंत विहार और शहर के आर्य नगर में रहने वाले शिवम ने ही पैतृक व्यापार विस्तार में मुख्य भूमिका निभाई है।
मार्च 2024 में केके मिश्रा का परिवार तब चर्चा में आया था जब आयकर विभाग ने इनके 20 ठिकानों पर छापेमारी की। जांच में कर चोरी और बेहिसाब संपत्ति का पता चला था। छापेमारी के दौरान दिल्ली वाले घर से भारी नकदी और हीरे की घड़ियां मिली थीं। उस समय एक बड़ा विवाद तब हुआ जब अधिकारियों पर कथित तौर पर पिस्टल तानने का आरोप लगाया था। इस घटना ने शिवम मिश्रा को चर्चित कर दिया था और अब कार हादसे ने उनके नाम को फिर विवादों में ला दिया है।
शिवम मिश्रा अपनी रइसी और बेहद महंगे शौक के लिए जाने जाते हैं। उनके पास दुनिया की सबसे महंगी कारों का कलेक्शन है। जिसमें रोल्स रायस, लैंबार्गिनी, फेरारी, मैकलेरन और पोर्श जैसी गाड़ियां शामिल हैं। कारों के अलावा वह करोड़ों रुपये की ब्रांडेड और हीरों की घड़ियों के भी शौकीन हैं. यही आलीशान लाइफस्टाइल अक्सर उन्हें चर्चा का केंद्र बनाए रखती है।
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