Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • महंगे होते जा रहे तेरहवीं भोज और फाईव स्टार कल्चरल पर लगे रोक
    • चंडीगढ़ में अब नहीं चलेगी OLA की कैब और बाइक टैक्सी सर्विस
    • आखिर कब तक आग जैसी आकस्मिक आपदा के बाद होती रहेगी जांच! सरकार दोषी कितना ही बड़ा हो उसे सजा दिलाए, मृतकों के परिवारों को इनकी निजी संपत्ति से दिलाए दस दस करोड़
    • सस्ता 4G फीचर फोन Reliance Jio ने लांच किया
    • भारत में Ai+ ने किए दो नए स्मार्टफोन लांच
    • इंग्लैंड ने पांच मैचों की टी-20 सीरीज के लिए 17 खिलाड़ियों की बड़ी टीम का किया ऐलान
    • नीतीश कुमार रेड्डी आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे से बाहर हुए
    • 13 साल के अनु ने जीता बाल केसरी सम्मान
    Facebook Instagram X (Twitter) YouTube
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Demo
    • न्यूज़
    • लेटेस्ट
    • देश
    • मौसम
    • स्पोर्ट्स
    • सेहत
    • टेक्नोलॉजी
    • एंटरटेनमेंट
    • ऑटो
    • चुनाव
    tazzakhabar.comtazzakhabar.com
    Home»देश»1000 करोड की हेराफेरी में मदद करने के आरोप में पंजाब एंड सिंध बैंक के शाखा प्रबंधक समेत 18 पर केस दर्ज
    देश

    1000 करोड की हेराफेरी में मदद करने के आरोप में पंजाब एंड सिंध बैंक के शाखा प्रबंधक समेत 18 पर केस दर्ज

    adminBy adminJanuary 17, 2026No Comments8 Views
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    नई दिल्ली 17 जनवरी। सीबीआई ने पंजाब एंड सिंध बैंक के एक शाखा प्रबंधक और 18 अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। इन पर साइबर अपराध और अन्य अवैध गतिविधियों से अर्जित 1,000 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि को छिपाने और हेराफेरी करने के लिए फर्जी खाते खोलने का आरोप है।

    एजेंसी ने प्रारंभिक जांच के आधार पर कार्रवाई की है, जिसमें फर्जी दस्तावेजों का उपयोग कर फर्जी कंपनियों के नाम पर खोले गए 13 खाते उजागर हुए हैं।

    सीबीआई ने पाया कि कई व्यक्तियों ने राजस्थान के श्रीगंगानगर स्थित बैंक की सरकारी ग‌र्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल शाखा में खाते खोलने के लिए फर्जी केवाइसी दस्तावेज, किराया समझौते और अन्य दस्तावेज तैयार करवाए थे।

    विकास वधवा उस शाखा के प्रमुख थे। केंद्रीय जांच एजेंसी ने बताया कि जिन 13 फर्मों के नाम पर चालू खाते खोले गए थे, वे अस्तित्व में ही नहीं थीं और जाली दस्तावेजों का उपयोग कर केवल इन चालू खातों को खोलने और संचालित करने के लिए बनाई गई थीं।

    एफआईआर में आरोप है कि इन फर्जी खातों के माध्यम से विभिन्न बैंकिंग चैनलों और डिजिटल प्लेटफार्मों के जरिए हजारों करोड़ रुपये के महत्वपूर्ण लेनदेन किए गए थे।

    इन खातों का इस्तेमाल बाद में साइबर अपराध और अन्य अवैध गतिविधियों से प्राप्त धन को इधर-उधर भेजने, छिपाने और स्थानांतरित करने के लिए किया गया। एजेंसी ने आरोप लगाया कि इसमें शामिल लेनदेन की राशि लगभग 1084.00 करोड़ रुपये है।

    सीबीआई ने कहा कि वाधवा समेत आरोपितों ने अपने लिए अवैध लाभ कमाया और इसके परिणामस्वरूप पंजाब एंड ¨सध बैंक की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाया।

    CBI delhi punjab-sind-bank-fraud-case tazza khabar tazza khabar in hindi
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    admin

    Related Posts

    महंगे होते जा रहे तेरहवीं भोज और फाईव स्टार कल्चरल पर लगे रोक

    June 23, 2026

    चंडीगढ़ में अब नहीं चलेगी OLA की कैब और बाइक टैक्सी सर्विस

    June 23, 2026

    आखिर कब तक आग जैसी आकस्मिक आपदा के बाद होती रहेगी जांच! सरकार दोषी कितना ही बड़ा हो उसे सजा दिलाए, मृतकों के परिवारों को इनकी निजी संपत्ति से दिलाए दस दस करोड़

    June 23, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    © 2026 Tazza khabar. All Rights Reserved.
    • Our Staff
    • Advertise

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.