वाराणसी, 10 जनवरी। गौवंश के संरक्षण हेतु एक ऐतिहासिक निर्णय सुनाते हुए गौहत्या के अपराध में संलिप्त दोषियों को कठोर कारावास की सजा देने वाली गुजरात की न्यायाधीश रिज़वाना ने ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती जी से भेंट कर उनका मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया।
मुलाकात के दौरान न्यायाधीश रिजवाना ने पूज्य शंकराचार्य जी के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की। महाराज श्री ने उनके द्वारा किए गए गौसेवा के इस कार्य को पुण्यदायी बताते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस भेंट से सनातन धर्मावलंबियों और गौभक्तों में हर्ष की लहर है।
न्यायाधीश रिजवाना ने अपने फैसले में गाय को मात्र एक पशु नहीं, अपितु भारतीय संस्कृति और आस्था का आधार बताकर गौरक्षा के प्रति जो प्रतिबद्धता दर्शाई है, उसकी देश भर में सराहना हो रही है। इस अवसर पर शंकराचार्य जी महाराज ने उन्हें आशीर्वाद देते हुए कहा कि न्याय के सिंहासन पर विराजमान होकर जब कोई सत्य और धर्म की रक्षा हेतु साहसिक निर्णय लेता है, तो वह राष्ट्र और संस्कृति के लिए वंदनीय होता है। आगे कहा कि आपके इस कदम से अन्य न्यायाधिशों को भी प्रेरणा मिलेगी।
Trending
- मेरठ के 40 केंद्रों पर 18 हजार अभ्यर्थी, जिले के अर्थशास्त्र के अभ्यर्थियों का केंद्र 650 किमी दूर
- हाथों में हुनर, साथ में नाबार्ड और बैंक का सहारा, 30 ग्रामीण महिलाएं बनेंगी उद्यमी
- कमिश्नर और जिलाधिकारी जी दें ध्यान! किसी ईमानदार प्रशासनिक अधिकारी से करायें जांच,हाउस नंबर 268 पुराना सिविल लाईन की घरेलू भूमि पर बनी अवैध रूप से बिल्डिंग में पहले बैंक खुल गया और अब होटल कारीगरी आखिर जिम्मेदार क्यों है खामोश
- कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले युवाओं ने मांगा केंद्रीय शिक्षामंत्री का इस्तीफा
- पांचवी मंजिल तक ही पानी की बौछार कर पाया अग्निशमन विभाग! भ्रष्ट अफसरों को दो साल की जेल और जुमाने का ? सरकार विकास के साथ उनके फायदे नुकसान की योजना भी बनाएं
- वैभव सूर्यवंशी की एंट्री, सूर्यकुमार यादव आउट, अय्यर बने नए कप्तान
- कोचिंग फायरिंग मामलाः खान सर नेे गिरफ्तारी से बचने के लिए कोर्ट में लगाई अग्रिम जमानत की अर्जी
- वृक्षों को डिजिटल पहचान प्रदान करने के लिए लगाए क्यूआर कोड

