पश्चिम एशिया में जारी युद्ध की त्राहि से कोई भी अनभिज्ञ नहीं है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का जो रुख बदलता नजर आ रहा है और उनके बयानों से लगता है कि युद्ध विराम की स्थिति बन सकती है। क्योंकि खबरों के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति ने पहली बार भारतीय पीएम नरेंद्र मोदी से सीधे बात की और दोनों देशों के सर्वोच्च नेताओं के बीच होर्मुज खुला रखने पर जोर दिया गया। पीएम मोदी ने तेल गैस की निर्बाध आपूर्ति के लक्ष्य पर विशेष ध्यान दिया। शांति व स्थिरता के प्रयासों पर संपर्क में रहने की सहमति जताई। स्मरण रहे कि युद्ध शुरु होने के बाद पीएम मोदी इन क्षेत्रों के नेताओं के साथ अन्य से भी शंति बहाली की बात करते रहे हैं। दूसरी ओर भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर एवं ईरान के राजदूत मोहम्मद फतली से मुलाकात हुई । सोशल मीडिया पर इस मुलाकात की जानकारी दी गई। बताते हैं कि इस समय ईरान में भारतीय नागरिकों को दिए गए समर्थन की सराहना करते हुए ट्रंप व मोदी के बीच हुई वार्ता महत्वपूर्ण कही जा सकती है। वैसे तो यह अंतरराष्ट्रीय स्तर का मुददा है मगर लोकतंत्र में सभी को बात करने और सुझाव देने के अधिकार है। इसे ध्यान रखते हुए मुझे लगता है कि अब जल्दी ही इसके कुछ अच्छे परिणाम निकलकर सामने आ सकते हैं और जो यह आर्थिक अस्थिरता और गैस व तेल की कमी महसूस की जा रही है और शेयर बाजार व सोने चांदी के दामों में कमी या इजाफा हो रहा है उसमें भी कमी आ सकती है। मैं तो यही कह सकता हूं कि मोदी जी आप शांति बहाली के प्रयास करते रहिए। पूरा देश आपके साथ खड़ा है। हर समस्या का समाधान में भी शायद अलग नहीं होगा।
(प्रस्तुतिः- रवि कुमार बिश्नोई संपादक दैनिक केसर खुशबू टाइम्स मेरठ)
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