कोटा 23 फरवरी। राजस्थान के कोटा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर एक ऐसा खौफनाक हादसा हुआ जिसने 4 हंसते-खेलते परिवारों की खुशियां पल भर में उजाड़ दीं। उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन कर वापस अपने घर कानपुर लौट रहे 4 दोस्तों की कार चेचट टोल प्लाजा के पास एक ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी भीषण थी कि चारों युवकों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हादसा चेचट थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुआ। चश्मदीदों के मुताबिक, कार की रफ्तार इतनी तेज थी कि आगे चल रहे ट्रक से टकराते ही जोरदार धमाका हुआ। टक्कर के बाद कार का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और इंजन के पुर्जे अंदर तक घुस गए। हालांकि कार में एयरबैग थे, लेकिन हादसे की तीव्रता इतनी अधिक थी कि वे भी जान बचाने में नाकाम रहे।
मृतक चारों युवक उत्तर प्रदेश के कानपुर के रहने वाले थे। वे घनिष्ठ मित्र थे और बड़े उत्साह के साथ धार्मिक यात्रा पर निकले थे। उज्जैन में ज्योतिर्लिंग श्री महाकालेश्वर के दर्शन करने के बाद वे सुकून के साथ घर लौट रहे थे। परिजनों को इस बात का जरा भी अंदाजा नहीं था कि जिस सफर की शुरुआत भक्ति के साथ हुई थी, उसका अंत इतना दर्दनाक होगा।
सूचना मिलते ही चेचट थाना पुलिस मौके पर पहुंची। कार के भीतर फंसे युवकों के शवों को बाहर निकालने के लिए पुलिस और स्थानीय लोगों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। घंटों चले रेस्क्यू के बाद शवों को बाहर निकाला गया और मोड़क सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान दस्तावेजों के आधार पर प्रांजुल चतुर्वेदी (26), अंकुश दुबे (21) और श्रेष्ठ बाजपेई (23) के रूप में हुई है, जबकि चौथे युवक की शिनाख्त के प्रयास जारी हैं। पुलिस ने ट्रक और उसके चालक को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है।

