मऊ 31 जनवरी। मऊ जनपद के कोतवाली क्षेत्र में जबरन धर्म परिवर्तन कराने का गंभीर मामला सामने आया है। सहादतपुरा निवासी राधेश्याम सिंह ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह अपनी पत्नी के इलाज के लिए फातिमा अस्पताल गया था। वहां अस्पताल के एक व्यक्ति ने उसे व्हाइट पैलेस के पीछे स्थित सविता पत्नी लक्ष्मण गौतम के मकान पर रविवार सुबह 10 बजे आने को कहा और भरोसा दिलाया कि वहां इलाज से पत्नी पूरी तरह ठीक हो जाएगी।
पीड़ित के अनुसार, तय समय पर जब वह वहां पहुंचा तो उसे अंदर बुलाया गया। कमरे में करीब एक दर्जन महिला और पुरुष मौजूद थे। वहां एक पादरी भी था, जो सभी लोगों को कोई नशीला पदार्थ दे रहा था। पीड़ित को भी वही पदार्थ देते हुए कहा गया कि इसे “यीशु का प्रसाद” बताकर पत्नी और पूरे परिवार को खिलाओ, इससे बीमारी ठीक हो जाएगी।
आरोप है कि इसके बाद पादरी और वहां मौजूद लक्ष्मण गौतम, संतोष साहनी, अभिषेक, अमित कुमार सौरभ, उदयभान, इंद्रजीत मौर्य, रीता और सविता सहित अन्य लोगों ने पीड़ित पर धर्म परिवर्तन के लिए जबरदस्ती दबाव बनाना शुरू कर दिया। जब पीड़ित ने इसका विरोध किया तो उसे धमकाया गया कि अब यहां से बाहर नहीं निकल पाओगे। साथ ही उसे लालच भी दिया गया।
डरे हुए पीड़ित ने अपने परिचितों को फोन कर सूचना दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़ित को सुरक्षित बाहर निकाला। पुलिस ने मौके से बाइबिल, ढोलक, झाल, अन्य वाद्य यंत्र और संदिग्ध नशीला पदार्थ बरामद किया। सभी आरोपितों को कोतवाली मऊ लाया गया।
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता और उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की छानबीन की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही जा रही है।

