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    Home»देश»एडवोकेट रामकुमार शर्मा ने उठाई सार्वजनिक सड़कों, सरकारी भूमि पर अवैध रूप से निर्मित धार्मिक स्थलों का सर्वे कराकर कार्रवाई की मांग
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    एडवोकेट रामकुमार शर्मा ने उठाई सार्वजनिक सड़कों, सरकारी भूमि पर अवैध रूप से निर्मित धार्मिक स्थलों का सर्वे कराकर कार्रवाई की मांग

    websitemarketing2019@gmail.comBy websitemarketing2019@gmail.comJune 16, 2026No Comments25 Views
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    मेरठ, 16 जून (प्र)। अधिवक्ता रामकुमार शर्मा ने आज जिलाधिकारी के माध्यम से यूपी के सीएम, मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव, गृह विभाग, अपर मुख्य सचिव, नगर विकास विभाग, उपाध्यक्ष, मेरठ विकास प्राधिकरण को ज्ञापन भेजकर सार्वजनिक सड़कों, नालों एवं सरकारी भूमि पर अवैध रूप से निर्मित धार्मिक स्थलों (मंदिर, मस्जिद, मजार आदि) का सर्वे कराकर भारत सरकार, उत्तर प्रदेश शासन, माननीय सर्वोच्च न्यायालय एवं माननीय इलाहाबाद उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में नियमानुसार निष्पक्ष कार्यवाही किए जाने की मांग की है। ज्ञापन में उन्होंने कहा कि मेरठ नगर में सार्वजनिक सड़कों, नालों, चौराहों तथा अन्य सरकारी भूमि पर किए गए अवैध धार्मिक अतिक्रमणों की ओर आकृष्ट करना चाहता हूँ।

    माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा 29.09.2009 को पारित आदेशों के माध्यम से सभी राज्यों एवं केन्द्र शासित प्रदेशों को निर्देशित किया गया था कि सार्वजनिक स्थलों पर नए धार्मिक ढाँचे निर्मित न होने दिए जाएँ तथा ऐसे अवैध निर्माणों के संबंध में विधिसम्मत कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। माननीय इलाहाबाद उच्च न्यायालय द्वारा भी विभिन्न निर्णयों में यह स्पष्ट किया गया है कि सार्वजनिक मार्गों, सड़कों, गलियों, फुटपाथों तथा सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का धार्मिक अतिक्रमण स्वीकार्य नहीं है तथा प्रशासन का यह दायित्व है कि वह सार्वजनिक उपयोग की भूमि को अतिक्रमणमुक्त बनाए रखे। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा वर्तमान में सीएम ग्रिड योजना तथा विभिन्न स्वच्छता एवं अतिक्रमण हटाओ अभियानों के माध्यम से नगरों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है, किन्तु मेरठ नगर में अनेक स्थानों पर अवैध धार्मिक अतिक्रमण आज भी यथावत बने हुए हैं।

    विशेष रूप से निम्न स्थानों पर सार्वजनिक मार्ग एवं नालों पर अवैध धार्मिक निर्माण होने के कारण यातायात बाधित हो रहा है तथा जल निकासी व्यवस्था प्रभावित हो रही है
    मेरठ सिविल कोर्ट के बाहर नाले के ऊपर निर्मित मंदिर।
    जसवंत राय हॉस्पिटल के सामने सड़क पर निर्मित मंदिर।
    खैरनगर क्षेत्र में अवैध रूप से निर्मित मजार, जिससे सम्पूर्ण चौराहा प्रभावित है।
    रुड़की रोड स्थित लेखा नगर के समीप बड़ी मजार, जो सड़क को बाधित कर रही है।
    मेघदूत नाले के चौराहे के निकट नाले के किनारे निर्मित मंदिर।

    इन अवैध निर्माणों के कारण वर्षा ऋतु में जलभराव, सफाई व्यवस्था में बाधा, यातायात जाम तथा आए दिन सड़क दुर्घटनाएँ होना सामान्य बात हो गई है। उन्होंने मांग की कि सम्पूर्ण मेरठ नगर में सार्वजनिक सड़कों, नालों, चौराहों एवं सरकारी भूमि पर निर्मित समस्त अवैध धार्मिक स्थलों का उच्च स्तरीय सर्वे कराया जाए। माननीय सर्वोच्च न्यायालय, माननीय इलाहाबाद उच्च न्यायालय तथा उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशों के अनुरूप निष्पक्ष एवं समान रूप से कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। यातायात, जल निकासी एवं सार्वजनिक सुरक्षा में बाधक अतिक्रमणों को प्राथमिकता के आधार पर हटाया जाए।

    Demand for action following a survey of illegally constructed religious structures. meerut news meerut report tazza khabar uttar-pradesh news
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