दुनिया पर एक बार फिर एक बड़े वायरस का साया मंडराने लगा है. पांच साल पहले कोरोना वायरस ने दुनिया भर में लाखों लोगों की जान ली. कोरोना वायरस का डरावना मंजर अभी लोगों की आंखों के सामने से धुंधला हुआ ही था कि अब एक नए वायरस के दस्तक ने चिंता बढ़ा दी है. जिस वायरस से ये बीमारी फैल रही है, उसका नाम है ‘हंतावायरस’. Dutch cruise MV Hondius पर इस वायरस के फैलने से हड़कंप मच गया है.
कहां से आया ये Virus?
बताया जा रहा है कि ये वायरस चूहों से फैल रहा है, हंतावायरस इतना खतरनाक है, कि इससे जहाज पर सवार एक डच दंपत्ति समेत तीन लोगों की मौत हो चुकी है. हैरानी की बात ये है कि क्रूज पर कुल 149 लोग सवार हैं और इनमें दो भारतीय भी हैं. फिलहाल इस जहाज की स्पेन केCanary Island पर डॉकिंग की गई है.
क्यों कहा जा रहा Hantavirus?
जानकारों के मुताबिक, इसका नामकरण साउथ कोरिया की हनतान नदी से पड़ा. जहां इसे पहली बार पहचाना गया था. लेकिन ये चर्चा में हाल ही में उस वक्त आया, जब अर्जेंटीना से अप्रैल के महीने में एक क्रूज निकला, जिस पर 28 देशों के 149 लोग सवार थे. इनमें से दो डच यात्रियों को हंटावयरस था, जो क्रूज पर मौजूद बाकी यात्रियों में फैल गया. लेकिन डराने वाला खुलासा तब हुआ जब 24 अप्रैल को ये शिप हेलेना द्वीप पर रुका जिसमें से 29 यात्री उतरे, उसमें एक मृतक भी था. लेकिन तब तक ये पता नहीं था, कि ये मौत हंटा वायरस से हुई है.
कैसे करें Hantavirus से बचाव
हंतावायरस पल्मोनरी सिंड्रोम- जिसमें अक्सर थकान, बुखार और मांसपेशियों में दर्द की शिकायत होती है. हेमोरेजिक फीवर विद रीनल सिंड्रोम- देखने में फ्लू जैसी लगती है, लेकिन आगे चलकर किडनी को डैमेज करती है.
सबसे हैरान करने वाली बात है कि इस बीमारी के लक्षण एक से 8 हफ्ते में नजर आते हैं, जिनमें बुखार, सांस में तकलीफ, ठंड लगना, थकान, मांसपेशियों में तेज दर्द, सिरदर्द, चक्कर, उल्टी, दस्त महसूस होते हैं, जो धीरे-धीरे गंभीर रूप अख्तियार कर लेते हैं.
कोई Vaccine या दवा नहीं बनी
चिंता की बात ये है कि अभी तक इस वायरस से निपटने के लिए किसी तरह की वैक्सीन या दवा नहीं बनी है. पूरा इलाज सपोर्टिव केयर पर भी निर्भर है. मतलब ये है कि अगर आपके अंदर इस तरह के लक्ष्ण हैं तो बिना देर किये डॉक्टर से सलाह हैं और डॉक्टर की सलाह के बिना किसी भी तरह की दवाई का इस्तेमाल ना करें.

