वाशिंगटन/तेहरान, 02 मार्च। इजराइल-अमेरिका और ईरान जंग का आज तीसरा दिन है। इस बीच कुवैत में अमेरिका का एक फाइटर जेट क्रैश हो गया है। जेट हवा में गोल-गोल घूमने लगा। थोड़ी देर बाद वह जमीन से टकरा गया, जिससे उसमें आग लग गई। हालांकि, पायलट ने जेट से कूद कर अपनी जान बचाई। कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी है कि देश में कई अमेरिकी लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गए हैं। वहीं कुवैत में अमेरिकी दूतावास पर ईरान ने बड़ा हमला किया है। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इस्राइल के हवाई हमलों में कम से कम 31 लोग मारे गए और 149 लोग घायल हुए हैं। मंत्रालय ने कहा कि घायल लोगों को तुरंत अस्पतालों में भर्ती कराया गया है और राहत एवं बचाव कार्य जारी हैं। ईरान ने आज इजराइल के अलावा कतर, बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात में हमले फिर शुरू कर दिए हैं। दूसरी ओर इस जंग में अब लेबनान का उग्रवादी संगठन हिजबुल्लाह भी शामिल हो गया है। उसने इजराइल में कई जगहों पर बमबारी की है। हिजबुल्लाह को ईरान से समर्थन मिलता है, अब उसका कहना है कि वह खामेनेई की मौत का बदला ले रहा है। सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी अरामको पर ईरान के ड्रोन हमले के बाद अपनी रास तनुरा रिफाइनरी को बंद कर दिया है। यह घटना तेहरान द्वारा ईरान पर अमेरिकी-इजरायली हमले के जवाब में पूरे क्षेत्र में हमले शुरू करने के बाद हुई। सऊदी अरब के खाड़ी तट पर स्थित रास तनुरा परिसर में मध्य पूर्व की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक है, जिसकी क्षमता 550,000 बैरल प्रति दिन (बीपीडी) है। यह सऊदी कच्चे तेल के लिए एक महत्वपूर्ण निर्यात टर्मिनल के रूप में कार्य करता है।
बगदाद में हिजबुल्ला ठिकानों पर अमेरिका-इस्राइल का मिसाइल हमला
इराक की राजधानी बगदाद के दक्षिण में स्थित जुर्फ अल-सखर इलाके में ईरान समर्थित अर्धसैनिक संगठन कताइब हिजबुल्ला के ठिकानों पर अमेरिका और इस्राइल की ओर से संयुक्त मिसाइल हमला किए जाने की खबर है। सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, हमले में कई ठिकानों, वाहनों और गोदामों को गंभीर क्षति पहुंची है तथा कुछ स्थानों पर आग लगने की सूचना है।
हालांकि, अब तक किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है। इराक के एरबिल एयरपोर्ट के पास जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गई हैं। यह एयरपोर्ट उस सैन्य ठिकाने के लिए जाना जाता है जहां अमेरिका-नेतृत्व वाली गठबंधन सेना तैनात है। स्थानीय पत्रकारों के मुताबिक, इससे पहले दिन में एयर डिफेंस सिस्टम ने एयरपोर्ट के आसपास उड़ रहे ड्रोन को मार गिराया था। अमेरिका और इस्राइल की ओर से ईरान के खिलाफ शुरू किए गए सैन्य अभियान के बाद से एरबिल के ऊपर कई बार ड्रोन गतिविधियां देखी गई हैं। यह शहर एक बड़े अमेरिकी वाणिज्य दूतावास परिसर का भी केंद्र है, जिससे सुरक्षा को लेकर सतर्कता और बढ़ा दी गई है।

