ग्रेटर नोएडा 20 फरवरी। उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा के दादरी थाना क्षेत्र में एक युवक की हत्या का चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. पुलिस जांच में सामने आया है कि पांच बच्चों की मां ने अपने प्रेमी और उसके दो साथियों के साथ मिलकर पति की हत्या की. आरोप है कि पहले युवक को शराब पिलाई गई और फिर कई वार कर उसकी हत्या कर दी गई. पुलिस ने इस मामले में पत्नी समेत उसके प्रेमी और दो साथियों को गिरफ्तार किया है.
जानकारी के मुताबिक 16 फरवरी को दादरी कोतवाली क्षेत्र की शिव वाटिका कॉलोनी के पास एक अज्ञात युवक का शव मिला था. सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की. आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से मृतक की पहचान घोड़ी बछेड़ा गांव निवासी गोविंद रावल उर्फ भूरा के रूप में हुई. मृतक के भाई की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की.
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि 5 फरवरी को गोविंद ने शराब के नशे में पत्नी के साथ मारपीट की थी. इसके बाद पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर पति को रास्ते से हटाने की योजना बनाई. मृतक गोविंद को पत्नी और पड़ोस में रहने वाले आरोपी के अवैध संबंधों के बारे में शक था, जिसके चलते पति-पत्नी के बीच आए दिन विवाद रहता था.
12 फरवरी को आरोपी रोहित, महिला के कहने पर, अपने दोस्त धर्मेंद्र की बाइक से गोविंद को घर से बुलाकर ले गया. रास्ते में उसने अपने अन्य साथी नफीस को भी इस योजना में शामिल कर लिया. तीनों नई कॉलोनी के एक सुनसान रास्ते पर पहुंचे. इस दौरान उन्होंने रास्ते से ही एक शराब की बोतल खरीदी. तीनों ने जानबूझकर गोविंद को ज्यादा शराब पिलाई. जब वह नशे में धुत हो गया तो रोहित ने उसके हाथ पकड़ लिए और नफीस ने धारदार हथियार से उस पर एक के बाद एक कई वार कर दिए. गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई.
ग्रेटर नोएडा के एडिशनल डीसीपी सुधीर कुमार ने बताया कि आरोपी महिला की शादी वर्ष 2008 में गोविंद से हुई थी. दंपति के पांच बच्चे हैं. गोविंद ठेले पर अंडे बेचने का काम करता था और शराब पीने का आदी था. वह अक्सर पत्नी से मारपीट करता था, जिससे घर में तनाव रहने लगा. इसी दौरान महिला ने अपने पड़ोसी रोहित रावल से संबंध बना लिए. करीब दो साल से दोनों के बीच अवैध संबंध थे. इसके बारे में मृतक गोविंद को कई बार शक हुआ, जिससे विवाद धीरे-धीरे बढ़ता गया.
हत्या करने के बाद आरोपियों ने शव को बाउंड्री वॉल के पास फेंक दिया और फरार हो गए. 15 फरवरी को रोहित और धर्मेंद्र दोबारा घटनास्थल पर पहुंचे और शव को दूसरी जगह ले जाकर छुपाने की कोशिश की, लेकिन रात में शव को ठिकाने नहीं लगा सके. अगले दिन शव मिलने पर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई तेज कर दी.
घटना का खुलासा करने के लिए पुलिस ने तुरंत दो टीमों का गठन किया. सीसीटीवी फुटेज और सर्विलांस की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंची. पूछताछ में आरोपियों ने हत्या की बात कबूल की. पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त धारदार हथियार, वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं.

