बड़ौत 17 फरवरी। राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी ने सोमवार को इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई-मेन के परिणाम घोषित कर दिए। 12 उम्मीदवारों ने 100 अंक हासिल किए हैं। वहीं, बड़ौत निवासी उत्कर्ष यूपी टॉपर बने हैं। उन्होंने 99.99 पर्सेंटाइल हासिल करते हुए देश में 13वीं रैंक हासिल की है। जिन उम्मीदवारों ने 100 का एनटीए स्कोर हासिल किया है, उनमें से तीन राजस्थान से, दो आंध्र प्रदेश से और एक-एक दिल्ली, बिहार, ओडिशा, हरियाणा, महाराष्ट्र, गुजरात और तेलंगाना से हैं।
परीक्षार्थी आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से अपना परिणाम देख और डाउनलोड कर सकते हैं। एनटीए ने पहले ही घोषणा की थी कि 16 फरवरी को परिणाम जारी किया जाएगा। परीक्षा में 100 पर्सेंटाइल नंबर प्राप्त करने वाले उम्मीदवारों की सूची जारी हुई है।
बड़ौत निवासी उत्कर्ष ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बुलंदियों को छुआ है। पहले ही प्रयास में उत्कर्ष 99.99 पर्सेंटाइल हासिल करते हुए न केवल उत्तर प्रदेश के टॉपर रहे, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर 13वीं रैंक हासिल की। आईआईटी बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस करने के लक्ष्य के साथ उत्कर्ष का फोकस अब जेईई एडवांस पर होगा। उत्कर्ष दसवीं में 98.8 प्रतिशत अंकों के साथ बागपत के टॉपर भी रहे। इस साल वह इंटर की परीक्षा दे रहे हैं।
उत्कर्ष ने कक्षा 12वीं की पढ़ाई के साथ जनवरी महीने की जेईई मेन की परीक्षा में यूपी टॉप कर अपनी कामयाबी का परचम लहराया। उनकी इस सफलता से पूरे परिवार में हर्ष का माहौल है।
बागपत जिले के लूंब गांव निवासी दीपेंद्र खोखर वर्तमान में सकती स्थित आईपीएल चीनी मिल में प्रधान प्रबंधक के पद पर कार्यरत हैं। उनकी पत्नी गीता बड़ौत स्थित जनता वैदिक कॉलेज में शिक्षिका हैं। बेटी ईशा दिल्ली स्थित एक इंस्टीट्यूट से एमबीए की पढ़ाई कर रही है। बेटा उत्कर्ष इस बार इंटर की परीक्षा देंगे। दीपेंद्र खोखर ने बताया कि बचपन से ही बेटे को पढ़ाई का शौक है।
बेटे ने इस बार जनवरी माह में होने वाली जेईई मेन परीक्षा के लिए फार्म भर दिया। साथ ही ऑनलाइन परीक्षा की तैयारी की। बताया कि सोमवार को जब परीक्षा परिणाम आया तो परिवार खुशी से झूम उठा। बेटे ने यूपी टॉप कर परिवार का नाम रोशन किया उसकी इस सफलता पर कॉलेज के शिक्षकों, परिजनों, रिश्तेदारों, पड़ोसियों ने बधाई दी।
दो महत्वपूर्ण परीक्षा की एक साथ तैयारी
उत्कर्ष शुरू से ही पढ़ाई में होनहार है। पिता के अनुसार इंटर की बोर्ड परीक्षा की तैयारी के साथ जेईई मेन की तैयारी उसके लिए चुनौती थी लेकिन बेटे ने दोनों की तैयारी के लिए समय सारिणी बनाई और उसी के अनुसार पढ़ाई शुरू की पहली परीक्षा में उसने शानदार सफलता हासिल की, अब इंटर की परीक्षा की बारी है। बताया कि उत्कर्ष ने हाईस्कूल में भी जिला टॉप किया था वह एल्पाइन पब्लिक स्कूल का छात्र है।
कंप्यूटर साइंस से इंजीनियर बनना है सपना
उत्कर्ष ने अपनी इस कामयाबी में सोशल मीडिया से दूरी बनाकर रखी पिता ने बताया कि पढ़ाई से संबंधित चीजों के लिए ही उत्कर्ष मोबाइल का सहारा लेता था। वह लगभग अधिकांश समय पढ़ाई के लिए देता था। खेलों में भी उसकी रूचि न के बराबर है। किताबें हो उसकी दोस्त है और किताब ही उसकी कमजोरी उत्कर्ष का सपना कंप्यूटर साइंस से इंजीनियर बनने का है। बताया कि उनकी पत्नी गीता भी उसकी पढ़ाई में सहयोग करती हैं।
बेटा होता पास तो गले लगा लेता
दीपेंद्र खोखर ने कहा कि परिवार के लिए आज का दिन बेहद खास है लेकिन परिवार के पास न होने के कारण वह इस पल को काफी मिस कर रहे हैं। कहा कि इकलौते बेटे ने उनका सिर गर्व से ऊंचा कर दिया, आज बेटा उनके पास होता तो वह भागकर उसे गले लगा लेते कहा कि जब परिजनों ने कॉल पर उन्हें उत्कर्ष के परीक्षा परिणाम की सूचना दी तो वह खुशी से झूम उठे पर मलाल यह रहा है कि वह इस खुशी को बांटने के लिए परिवार के बीच में नहीं हैं।

