मथुरा 21 मार्च। मथुरा में फरसा वाले बाबा के नाम से मशहूर गौरक्षक चंद्रशेखर की ट्रक से कुचलकर मौत हो गई। बाबा के नजदीकी का कहना है कि रविवार सुबह बाबा 2 साथियों के साथ ट्रक का पीछा कर रहे थे। उस ट्रक में भारी संख्या में गौवंश थे। और बाबा हमेशा गौतस्करी के खिलाफ सक्रिय रहते थे।
इसीलिए बाबा ने गौ-तस्करों के खिलाफ ट्रक को ओवरटेक करते हुए उनके सामने अपनी बाइक खड़ी कर दी। तभी अचानक ड्राइवर ने ट्रक की स्पीड बढ़ा दी और बाबा को कुचलते हुए फरार हो गया। बाबा की मौके पर ही मौत हो गई। जिसके बाद से इलाके में भारी बवाल हो गया। घटना के बाद गुस्साएं लोगों ने पुलिस पर पथराव किया और कई गाड़ियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। पुलिस की 5 से 6 गाडियों में भीषण तोड़फोड़ की और शीशे तोड़ दिए। इस दौरान फायरिंग भी हुई।
घटना की जानकारी इलाके में आग की तरह फैली। देखते ही देखते हजारों की भीड़ दिल्ली-मथुरा हाईवे पर जमा हो गया था। आरोपियों के एनकाउंटर की मांग कर हाईवे जाम कर दिया। जिसमें कुछ पुलिसकर्मी लहूलुहान भी हो गए।
गौरक्षक संत चंद्रशेखर की मौत के बाद से ही मथुरा में सब कुछ ठप हो गया है. सड़कों पर उबाल है. दिल्ली-आगरा हाईवे ठप है और हजारों गाड़ियां सड़कों पर जमा हैं. गाड़ियों की लंबी कतारें सड़क पर दिखाई दे रही हैं. यहां का माहौल तनावपूर्ण हो गया है.
गौतस्करों का पीछा करते हुए बाबा की मौत ने सिर्फ एक जान नहीं ली बल्कि एक बड़े विवाद को जन्म दे दिया है. इस मामले को लेकर मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने भी संज्ञान लिया है. सीएम ने कहा कि आरोपियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा. वहीं, सीएम योगी ने अफसरों को आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं.
इस घटना के बाद यहां के हालात बहुत बिगड़ गए हैं. लोगों का गुस्सा अब सड़क पर उतर आया है. वहीं, आरोप है कि गौतस्करों ने बाबा को कुचलकर मार दिया. इस मामले में अभी तक एक आरोपी पकड़ा गया है और अभी भी तीन आरोपी फरार हैं. इसी बीच गौरक्षकों ने हाईवे जाम कर दिया और पुलिस के खिलाफ भी नाराजगी जताई है. इस दौरान हाईवे पर पथराव भी हो गया और पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े. पूरा इलाका छावनी में बदल गया है और हर कोई जानना चाहता है कि आखिर फरसा वाले बाबा कौन थे और उनकी मौत कैसे हुई?
मिली जानकारी के अनुसार, मथुरा के कोसीकलां थाना क्षेत्र के नवीपुर गांव के पास यह घटना सुबह के समय 4 बजे के करीब हुई. बताया जा रहा है कि बाबा चंद्रशेखर बाइक से गौतस्करों का पीछा कर रहे थे. इसी दौरान आरोपियों ने उन्हें वाहन से कुचल दिया, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई. इसके बाद जब इस घटना की जानकारी चारों ओर फैली तो भारी संख्या में लोग मौके पर इकट्ठा हो गए और इसके बाद भारी बवाल शुरू हो गया.
वहीं, घटना के बाद स्थानीय लोगों ने एक आरोपी को पकड़ा और पुलिस के हवाले कर दिया, जबकि मामले में अभी तक तीन अन्य आरोपी फरार हैं, जो मौके से फरार हो गए थे. फिलहाल पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है. लेकिन गिरफ्तारी में देरी और घटना की गंभीरता को लेकर लोगों में अब गुस्सा बढ़ने लगा है. यही गुस्सा अब विरोध प्रदर्शन में बदल चुका है.

