बचपन से ही देश के भावी भविष्य को जाति संप्रदाय से ऊपर उठकर सोचने ?

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पूर्व केंद्रीय रक्षा मंत्री मुलायम सिंह यादव सपा संस्थापक के काफी नजदीक रहे चौधरी हरमोहन सिंह के जन्मशताब्दी समारोह में आदरणीय महामहिम राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जी द्वारा यह कहकर कि जाति संप्रदाय से ऊपर उठे तो जहां रहते हैं वहीं स्वर्ग है। देश के प्रथम नागरिक के ये शब्द अगर हमारे कुछ राजनीतिक दलों के नेता और अपने स्वार्थ की सिद्धि करने में लगे कुछ मतलब परस्त लोगों के द्वारा विभिन्न मौकों पर अपने फायदे के लिए जाति और संप्रदाय के नाम पर जो राजनीतिक रोटियां सेंकी जाती हैं वो बंद कर दी जाए तो वाकई में सब जगह स्वर्ग ही स्वर्ग नजर आएगा। और देश के गांव गली मौहल्लों शहर व कस्बों में रामराज का सा नजारा दिखाई देने लग सकता है। बताते चलें कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जी ने गत दिवस उत्तर प्रदेश के कानपुर में आयोजित समारोह में कहा कि जाति, संप्रदाय, अमीर-गरीब से ऊपर उठकर लोगों के साथ जुड़ेंगे तो हम जहां रहते हैं वहीं स्वर्ग बन जाएगा। राष्ट्रपति राम नाथ कोविन्द मेहरबान सिंह का पुरवा स्थित चौधरी हरमोहन सिंह पैरामेडिकल साइंस एंड नर्सिंग संस्थान में स्वर्गीय चौधरी हरमोहन सिंह यादव के जन्म शताब्दी समारोह को संबोधित कर रहे थे।
समाजवादी पार्टी के संरक्षक यूपी के पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव के करीबी रहे चौधरी हरमोहन सिंह की तारीफ करते हुए राष्ट्रपति जी ने कहा कि जब ट्रेन में सफर करते थे तो जो अनजान भी होते थे, उन्हें भी वो अपना हमसफर मानते थे। हमसफर की यही भावना यदि समाज में अपने पास पड़ोस में भी चरितार्थ हो जाए और जाति, संप्रदाय, अमीर गरीब को भूल लोगों को अपनाएं तो जहां रहते हैं वहीं स्वर्ग बन जाएगा। महामहिम राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जी ने कहा कि 1984 में हरमोहन सिंह यादव ने जान जोखिम में डालकर उन्मादी भीड़ का सामना किया था। उन्होंने गणेश शंकर विद्यार्थी की परंपरा को आगे बढ़ाया जिसकी वजह से 1991 में उन्हें शौर्य चक्र से सम्मानित किया गया। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में बहुत काम किया और देश के विकास में शिक्षकों व छात्रों की प्रभावी भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि आज भारत और भारतीयों को पूरे विश्व में आदर मिल रहा है। भारत के विकास में हम सबकी सक्रिय भागीदारी होनी चाहिए। किसी भी राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य की नींव, अतीत के अनुभव और पूर्वजों की विरासत से मजबूती प्राप्त करती है। एक सुदृढ़, यशस्वी, विकसित और समृद्ध भारत के निर्माण में हम सभी की सक्रिय भागीदारी होनी चाहिए। हमें मिल-जुलकर प्रयास करने चाहिए। हमारे देश का हर एक हाथ देश की उन्नति में एक साथ उठना चाहिए। विश्व के अग्रणी राष्ट्रों की पंक्ति में शामिल होने के लिए 130 करोड़ देशवासियों के कदम एक साथ आगे बढने चाहिए। कार्यक्रम में प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना, राज्यसभा सदस्य सुखराम सिंह और चौधरी हरमोहन सिंह जन कल्याण समिति के अध्यक्ष मोहित यादव मौजूद रहे।
उत्तर प्रदेश के महामहिम राज्यपाल और कुछ अन्य जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में राष्ट्रपति जी द्वारा समाज तथा मानव जाति के हित में जो शब्द कहे मुझे लगता है कि उनसे संबंध सीख हमें अपने बच्चों को शुरू से ही घरेलू वातावरण के अतिरिक्त स्कूलों तथा सांस्कृतिक सामाजिक शैक्षिक धार्मिक कार्यक्रमों के माध्यम से एक संदेश देकर दी जानी चाहिए। क्योंकि जिस प्रकार से देश का भावी भविष्य बच्चे बचपन में की गई पढ़ाई के दौरान के शब्दों और घटनाओं को आसानी से नहीं भूलते हैं उसी प्रकार अगर जाति संप्रदाय से ऊपर उठकर सोचने की सीख दी जाए तो उसके भविष्य में अच्छे परिणाम निकलने की सौ प्रतिशत उम्मीद की जा सकती है। हमारे महान पुरूषों ने भी एकता भाईचारा, बनाए रखने के लिए विभिन्न माध्यमों से मानव सब एक है का संदेश हमें दिया और वर्तमान में उसको लागू किए जाने की आवश्यकता समाज में महसूस की जा रही है।

– रवि कुमार विश्नोई
सम्पादक – दैनिक केसर खुशबू टाईम्स
अध्यक्ष – ऑल इंडिया न्यूज पेपर्स एसोसिएशन
आईना, सोशल मीडिया एसोसिएशन (एसएमए)
MD – www.tazzakhabar.com

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