अलग-अलग विभागों के कार्य करने से होने वाली परेशानियों का तोड़ है ‘PM GatiShakti’: मोदी

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नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मल्टी-मोडल कनेक्टिविटी के लिए एक राष्ट्रीय मास्टर प्लान ‘पीएम गतिशक्ति’ का शुभारंभ किया। पीएम मोदी देश के बुनियादी ढांचे के परिदृश्य के परिवर्तन की दिशा में 100 लाख करोड़ की योजनाओं को हरी झंडी दिखाने के लिए प्रगति मैदान पहुंचे। यह रेल और सड़क सहित 16 मंत्रालयों को जोड़ने वाला डिजिटल प्लेटफार्म है जिसके जरिए लाखों करोड़ों की योजनाओं को पूरी रफ्तार से लागू करने में मदद मिलेगी। इस दौरान पीएम मोदी अपना संबोधन भी दे रहे हैं।

मोदी आगे कहते हैं, ‘देश के किसानों और मछुआरों की आय बढ़ाने के लिए प्रोसेसिंग से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को भी तेजी से विस्तार दिया जा रहा है। 2014 में देश में सिर्फ 2 मेगा फूड पार्क्स थे। आज देश में 19 मेगा फूड पार्क्स काम कर रहे हैं। अब इनकी संख्या 40 से अधिक तक पहुंचाने का लक्ष्य है।’

-पीएम मोदी बोले, ‘2014 के पहले के 5 सालों में सिर्फ 60 पंचायतों को ही आप्टिकल फाइबर से जोड़ा जा सका था। बीते 7 वर्षों में हमने डेढ़ लाख से अधिक ग्राम पंचायतों को आप्टिकल फाइबर से कनेक्ट कर दिया है।’

-पीएम ने आगे कहा कि 2014 के पहले लगभग 250 किलोमीटर ट्रैक पर ही मेट्रो चल रही थी। आज 7 सौ किलोमीटर तक मेट्रो का विस्तार हो चुका है औऱ एक हजार किलोमीटर नए मेट्रो रूट पर काम चल रहा है।

-मोदी बोले, ‘2014 के पहले के 5 सालों में सिर्फ 1900 किलोमीटर रेल लाइनों का दोहरीकरण हुआ था। बीते 7 वर्षों में हमने 9 हजार किलोमीटर से ज्यादा रेल लाइनों की डबलिंग की है। 2014 से पहले के 5 सालों में सिर्फ 3000 किलोमीटर रेलवे का बिजलीकरण हुआ था। बीते 7 सालों में हमने 24 हजार किलोमीटर से भी अधिक रेलवे ट्रैक का बिजलीकरण किया है।’

-पीएम मोदी ने बताया, भारत में पहली इंटरस्टेट नैचुरल गैस पाइपलाइन साल 1987 में कमीशन हुई थी। इसके बाद साल 2014 तक, यानि 27 साल में देश में 15,000 कि.मी. नैचुरल गैस पाइपलाइन बनी। आज देशभर में 16,000 कि.मी. से ज्यादा गैस पाइपलाइन पर काम चल रहा है। ये काम अगले 5-6 वर्षों में पूरा होने का लक्ष्य है।

-पीएम गतिशक्ति कई दशकों से अधूरी रह गई जिम्मेदारियों और प्रगति को पूरा करने के लिए 16 मंत्रालयों को एक साथ लाती है: प्रधानमंत्री

-पीएम मोदी ने कहा, ‘पीएम गतिशक्ति मास्टर प्लान सरकारी प्रोसेस और उससे जुड़े अलग-अलग स्टेकहोल्डर्स को तो एक साथ लाता ही है, ये ट्रांसपोर्टेशन के अलग-अलग मोड्स को, आपस में जोड़ने में भी मदद करता है। ये होलिस्टिक गवर्नेंस का विस्तार है।’

-हमारा मंत्र है ‘प्रगति की इच्छा, प्रगति के लिए काम, प्रगति के लिए धन, प्रगति की योजना और प्रगति के लिए प्राथमिकता’: पीएम

-21वीं सदी के भारत के निर्माण के लिए पीएम गतिशक्ति भारत की वर्तमान और भावी पीढ़ियों को नई ऊर्जा देगी: पीएम

-पीएम गतिशक्ति भारत के किसानों, निर्माताओं, व्यापारियों के विकास पर केंद्रित है। यह बुनियादी ढांचे और प्रौद्योगिकी को फिर से परिभाषित करने में एक गेम-चेंजर साबित होगा: पीएम

-पीएम बोले, ‘हमारे देश में इंफ्रास्ट्रक्चर का विषय ज्यादातर राजनीतिक दलों की प्राथमिकता से दूर रहा है। ये उनके घोषणापत्र में भी नजर नहीं आता। अब तो ये स्थिति आ गई है कि कुछ राजनीतिक दल, देश के लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण पर आलोचना करने लगे हैं।’

-पीएम मोदी ने कहा, हमने ना सिर्फ परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूरा करने का वर्क-कल्चर विकसित किया बल्कि आज समय से पहले प्रोजेक्टस पूरे करने का प्रयास हो रहा है।

-प्रधानमंत्री बोले, ‘गतिशक्ति के इस महाअभियान के केंद्र में हैं भारत के लोग, भारत की इंडस्ट्री, भारत का व्यापार जगत, भारत के मैन्यूफैक्चरर्स, भारत के किसान। ये भारत की वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों को 21वीं सदी के भारत के निर्माण के लिए नई ऊर्जा देगा, उनके रास्ते के अवरोध समाप्त करेगा।’

-पीएम मोदी बोले, ‘आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के साथ हम, अगले 25 वर्षों के भारत की बुनियाद रच रहे हैं। पीएम गतिशक्ति नेशनल मास्टर प्लान, भारत के इसी आत्मबल को, आत्मविश्वास को, आत्मनिर्भरता के संकल्प तक ले जाने वाला है। ये नेशनल मास्टरप्लान, 21वीं सदी के भारत को गतिशक्ति देगा।’

-पीएम बोले, ‘आज दुर्गाष्टमी है, पूरे देश में आज शक्ति स्वरूपा का पूजन हो रहा है। शक्ति की उपासना के इस पुण्य अवसर पर देश की प्रगति की गति को भी शक्ति देने का शुभ कार्य हो रहा है।’

-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मल्टी-मोडल कनेक्टिविटी के लिए ‘पीएम गतिशक्ति’ का शुभारंभ कर दिया है।

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