मारुति सुज़ुकी ने जून 2019 में गिराया 15.60% उत्पादन, मंदी से जूझ रही Auto industry

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नई दिल्ली। भारत में इस समय कार निर्माता कंपनियां बिक्री के मामले में काफी बुरे समय से गुज़र रही हैं. देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुज़ुकी जहां बाज़ार में 50% Share रखती है, वहीं इस स्थिति से ये भी प्रभावित हुई है और कंपनी ने पिछले कुछ महीने से वाहनों का उत्पादन कम कर दिया है. जून 2019 में Maruti Suzuki Passenger वाहनों का उत्पादन 15.60% गिरा दिया है और जून 2018 में बिकी 1,31,068 Unit के मुकाबले कंपनी ने 1,10,641 Unit बेची हैं जो बिक्री में 17.2% की गिरावट को दर्शाता है. बता दें कि Sale में सबसे बड़ी गिरावट मारुति सुज़ुकी के Mini Segment में देखने को मिली है और जून 2018 में बिकी 29,381 Unit के मुकाबले जून 2019 में 18,733 यूनिट बिकी है. ये बिक्री में 36.2% की गिरावट दिखाता है.

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मारुति सुज़ुकी ने छोटे आकार की कारों का उत्पादन कम कर दिया है जिनमें Swift, Desire, Ballano और New Generation WagonR के साथ कई और कारों के उत्पादन में कमी आई है. मिनी सैगमेंट के इन वाहनों का प्रोडक्शन 48.20% घटा दिया गया है. Mid-size sedan Maruti Suzuki Ciaz एकमात्र ऐसी कार है जिसने जून 2019 की बिक्री में रिकॉर्ड 47.1% की बढ़ोतरी दर्ज की है, हालांकि कंपनी ने इस कार के उत्पादन में भी कमी की है. कंपनी ने Utility Vehicles के उत्पादन में भी 5.26 % की कमी की गई है जिनमें विटारा ब्रेज़ा, अर्टिगा, एस-क्रॉस और जिप्सी जैसे वाहन शामिल हैं.

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वित्तीय वर्ष 2018-19 की शुरुआत से ही Indian Auto Industry को नकारात्मक परिणाम मिल रहे हैं और इस दौरान बाज़ार में कई उतार-चढ़ाव भी देखे गए हैं. बढ़ते दाम और घटती क्रेडिट उपलब्धता के चलते ग्राहक भी वाहन खरीद में अरुचि दिखा रहे हैं. Union Budget से भारत में Automobile Market को काफी उम्मीदें थीं और सबने एकजुट होकर जीएसटी दरों में कमी करने की मांग भी की थी, लेकिन इस साल के बजट का फोकस सामान्य नहीं, बल्की इलैक्ट्रिक वाहन और उनका Infrasrcher रहा है. इस बजट में सामान्य वाहनों को कोई राहत नहीं दी गई है लेकिन इलैक्ट्रिक वाहनों पर लगने वाले GST को 12% से 5% पर लाने के लिए सरकार ने जीएसटी काउंसलि से सिफारिश की है.

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