बिहार में चमकी बुखार का प्रकोप जारी, अब तक 111 बच्चों की मौत

27
loading...

मुजफ्फरपुर/पटना। बिहार में ‘चमकी’ बुखार से मरने वाले बच्चों की संख्या मंगलवार को बढ़कर 111 हो गई। चमकी बुखार एक्यूट इन्सेफ्लाइटिस सिंड्रोम (एईएस) को कहा जा रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुजफ्फरपुर जिले के एक अस्पताल का दौरा किया और इस दौरान उन्हें नाराज लोगों द्वारा की गई नारेबाजी का सामना करना पड़ा।

इसे भी पढ़िए :  आम आदमी को निःशुल्क उच्च स्तरीय चिकित्सा प्राप्त हो, बजट में की जाए व्यवस्था

एसकेएमसीएच अस्पताल और केजरीवाल अस्पताल में मरने वालों की संख्या 110 हो गई है जबकि पड़ोसी पूर्वी चंपारण जिले में एक बच्चे की जान गई है। वैसे एईएस के ज्यादातर मामले मुजफ्फरपुर में सामने आए हैं लेकिन पड़ोस के पूर्वी चंपारण और वैशाली जैसे जिलों में भी इस तरह के मामलों की खबर है।

इसे भी पढ़िए :  जस्टिस बोबडे के कथन से; टैक्सों के बोझ से दबते जा रहे आम आदमी को मिल सकती है राहत

इससे पहले, मुजफ्फरपुर के सिविल सर्जन डॉ. शैलेश प्रसाद ने बताया था कि मंगलवार देर शाम तक एईएस (चमकी बुखार) से मरने वाले बच्चों की संख्या 109हो गयी है, जिनमें से श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एसकेएमसीएच) में 90 बच्चों और केजरीवाल अस्पताल में 19 बच्चों की मौत हुई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को एसकेएमसीएच पहुंचकर हालात का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों और चिकित्सकों के साथ बैठक की तथा कई आवश्यक निर्देश दिए।

इसे भी पढ़िए :  काॅलेजों में दी जाएगी सोशल मीडिया की जानकारी; सोशल मीडिया की आलोचना करने वालों के लिए है यह तमाचा

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

17 − sixteen =