LIVE: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को BJP संसदीय दल का नेता चुना गया

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नई दिल्लीः Bharatiya Janata Party (BJP) की अगुवाई वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के नवनिर्वाचित सांसद एनडीए की संसदीय दल की बैठक में पहुंच गए हैं. बैठक में हिस्‍सा लेने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी पहुंच चुके हैं. पीएम मोदी का स्‍वागत गृहमंत्री राजनाथ स‍िंह और BJP अध्‍यक्ष अमित शाह ने स्‍वागत किया. इस बैठक में Narendra Modi को औपचारिक रूप से बीजेपी संसदीय दल का नेता चुना गया. उनके नाम का प्रस्‍ताव बीजेपी अध्‍यक्ष अम‍ित शाह ने क‍िया. इस प्रस्‍ताव का समर्थन राजनाथ स‍िंह और नित‍िन गडकरी ने क‍िया.

बता दें कि नरेंद्र मोदी को पहले ही NDA का नेता घोषित किया जा चुका है. संसदीय दल की बैठक के बाद रात 8 बजे नरेंद्र मोदी सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे. NDA सांसदों की बैठक संसद के सेंट्रल हॉल में शाम 5 बजे होगी. गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव में बीजेपी 303 सीटें जीत चुकी है और एनडीए गठगबंधन को 350 सीटें हासिल हुई है.

बैठक में बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह, वरिष्ठ नेता लाल कृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी समेत एनडीए के कई बड़े नेता पहुंच चुके हैं. अभिनेता से नेता बने Sunny Deol, Kiran Kher, Congress President Rahul Gandhi को उनके गढ़ अमेठी में हराने वाली स्मृति ईरानी भी बैठक में मौजूद हैं. इसके साथ ही एनडीए के घटक दलों के जेडीयू अध्यक्ष नीतीश कुमार, शिरोमणि अकाली दल के नेता सुखबीर सिंह बादल, शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे, एलजेपी के मुखिया रामविलास पासवान आदि मौजूद हैं.

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बैठक में Nitin Gadkari, Rajnath Singh, Sushma Swaraj, Maneka Gandhi, यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ समेत कई बड़े नेता मौजूद हैं.

सूत्रों की मानें तो, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नई सरकार के गठन का दावा पेश करने के लिए शनिवार रात राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मुलाकात कर सकते हैं. सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री रात करीब आठ बजे राष्ट्रपति से मिलने जा सकते हैं और इससे पहले शाम सात बजे NDA के नेता कोविंद से मिलेंगे.

सरकार गठन को लेकर जारी गहमागहमी के बीच पार्टी के कई नेताओं का ऐसा विचार है कि शाह, मोदी मंत्रिमंडल में शामिल होंगे और उन्हें गृह, वित्त, विदेश या रक्षा में से कोई एक मंत्रालय दिया जा सकता है. वित्त मंत्री अरुण जेटली और विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के समक्ष स्वाथ्य संबंधी समस्याएं हैं. ऐसे में उनके नई सरकार में शामिल होने को लेकर शंकाएं हैं. जेटली राज्य सभा के सदस्य हैं और वह 2014 के चुनाव में अमृतसर सीट पर हार गए थे. सुषमा स्वराज ने पिछला चुनाव मध्य प्रदेश के विदिशा से जीता था. हालांकि, इस बार उन्होंने चुनाव नहीं लड़ा.

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इन दोनों नेताओं ने नई सरकार में शामिल होने या नहीं होने पर कोई टिप्पणी नहीं की है. चुनाव प्रचार के दौरान शाह ने भी इस बारे में पूछे गए सवालों को टाल दिया और कहा कि यह पार्टी और प्रधानमंत्री के अधिकार क्षेत्र का विषय है. ऐसी उम्मीद है कि रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण नई सरकार में मुख्य भूमिका में रह सकती हैं. स्मृति ईरानी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को अमेठी से पराजित किया है. ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि पार्टी उन्हें कोई बड़ी जिम्मेदारी दे सकती है.

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वहीं, Rajnath Singh, Nitin Gadkari, Ravi Shankar Prasad, Piyush Goyal, Narendra Singh Tomar, Prakash Javadekar को नए मंत्रिमंडल में बनाये रखे जाने की संभावना है. जेडीयू और शिवसेना को भी नये कैबिनेट में स्थान दिया जा सकता है क्योंकि दोनों दलों ने क्रमश: 16 और 18 सीट दर्ज करके शानदार प्रदर्शन किया है. केंद्रीय मंत्रिमंडल में पश्चिम बंगाल, ओडिशा और तेलंगाना से नये चेहरों को स्थान दिया जा सकता है.

बीजेपी के एक वरिष्ठ नेता ने बताया, ‘‘मंत्री परिषद में कई युवा चेहरों को स्थान दिये जाने की संभावना है क्योंकि बीजेपी नेतृत्व पार्टी की दूसरी कतार तैयार करना चाहता है.’ 17वीं लोकसभा का गठन तीन जून से पहले किया जाना है. इस बारे में तीनों चुनाव आयुक्त राष्ट्रपति से मिले और नये चुने गए सदस्यों की सूची उन्हें सौपी.

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