जीका वायरस से लड़ने का टीका विकसित, पशुओं पर असरदार रहा ट्रायल

13
loading...

वाशिंगटन: वैज्ञानिकों ने जीका वायरस से लड़ाई के लिए एक टीका विकसित किया है। उन्होंने इसका सफल परीक्षण चूहों और बंदरों पर किया है। जीका वायरस ऐसा संक्रमण है जो मनुष्य के बच्चों में दिमागी विकार पैदा कर सकता है।

अमेरिका में यूनिवर्सिटी ऑफ हवाई के शोधकर्ताओं के मुताबिक बंदरों पर इस टीके का प्रभावी साबित होना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, क्योंकि इससे अनुमान लगाया जा सकता है कि यह मानव के लिए भी कारगर सिद्ध होगा और क्लिनिकल तौर पर इसके और विकास में सक्षम बनाएगा।

इसे भी पढ़िए :  प्रॉपर्टी में इन्वेस्ट करने वालों के लिए खुशखबरी, खरीदारों की पहली पसंद बने रेडी-टू-मूव इन फ्लैट

वर्ष 2015-16 में ब्राजील में जीका संक्रमण के फैलने के बाद इससे लड़ाई के लिए नियंतण्र स्तर पर प्रयास शुरू हुए थे और 30 से अधिक टीके विकसित किए गए थे।

जीका, संक्रमित मच्छर के काटने और संक्रमित व्यक्ति के साथ यौन संबंध बनाने से फैलता है। इस संक्रमण से बचाव का कोई उपाय नहीं है। सार्वजनिक इस्तेमाल के लिए अब तक किसी टीके को मंजूरी नहीं मिली है। हवाई यूनिवर्सिटी में सहायक प्रोफेसर एक्सेल लेहरर ने कहा कि यह प्रस्तावित टीका कारगर हो सकता है।

इसे भी पढ़िए :  30 अप्रैल तक कर लें यह काम, गारंटीड डबल हो जाएगा आपके PF का पैसा

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

three × four =