पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के निर्माण से UP के इन 9 जिलों को होगा सबसे ज्यादा फायदा

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नई दिल्ली: Uttar Pradesh में दो सबसे ज्यादा चर्चित Yamuna Expressway और Lucknow-Agra Express-Way के बाद एक बार फिर एक New Highway चर्चा का विषय बना हुआ है. जिसे पूर्वांचल Expressway नाम दिया गया है. उत्तर प्रदेश में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे भारत का सबसे लंबा Express-way बनने वाला है. पूर्वांचल एक्सप्रेसवे लखनऊ जिले के चंदसराय से शुरू होकर उत्तर प्रदेश के जिला गाज़ीपुर के हैदरिया तक बनेगा. जानकारी के मुताबिक, इसको इंजीनियरिंग, खरीद और निर्माण (EPS) के मोड पर विकसित किया जाएगा. इसके निर्माण से Uttar Pradesh के नौ जिलों को काफी फायदा होगा.

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Bsp सुप्रीमो मायावती के शासनकाल के दौरान यमुना Express-way का निर्माण हुआ. प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने अखिलेश यादव ने अपने राज में लखनऊ-आगरा Express-Way का निर्माण करवाकर लोगों का सफर आसान किया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी Saturday (14 July) को योगी सरकार के दौरान बनने वाले देश के सबसे लंबे Express-Way का शिलान्यास करेंगे.

इस योजना में उत्तर प्रदेश के 9 जिले लखनऊ, सुल्तानपुर, फैजाबाद, अम्बेडकरनगर, आजमागढ़, बाराबंकी, अमेठी, मऊ और गाजीपुर शामिल होंगे. इन पूर्वांचल जिलों के साथ सड़क मार्ग से बिहार जाने वाले यात्रियों के लिए भी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे काफी सहायक होगा. मौजूदा Agra Lucknow Express Way से जुड़ने के बाद पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे एक विशाल औद्योगिक गलियारा बन जाएगा. ये पूर्वी उत्तर प्रदेश को पश्चिमी सीमा से जोड़ देगा, जिसके परिणामस्वरूप राज्य के समग्र विकास होगा. पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे को अयोध्या, इलाहाबाद, वाराणसी और गोरखपुर से लिंक रोड से जोड़ा जाएगा.

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पूर्वांचल हाईवे पूरी तरह Controlled Express-Way होगा. इसके बनने के बाद दुर्घटनाओं में कमी के साथ प्रदूषण स्तर, ईंधन की बचत तो होगी ही. साथ ही यात्रियों के समय का भी बचाव होगा. इस Express-Way के बनने से नौ जिलों के साथ-साथ उन लोगों को भी फायदा होगा. जो इन जिलों की सीमा के आस-पास आते हैं. Express-Way के बनने से इसके आस-पास नए शैक्षिक संस्थान, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, चिकित्सा संस्थान आदि का निर्माण हो सकता है, जो पूर्वांचल के लोगों को राहत के साथ रोजगार भी देंगे.

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