देश में अनाज की रिकार्ड पैदावार होने का अनुमान

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नई दिल्ली। कृषि उत्पादन के बारे में सरकार के ताजा अनुमानों के अनुसार देश में चालू फसल वर्ष जुलाई-जून 2017-18 में 27 करोड़ 95.1 लाख टन अनाज का उत्पादन होगा जो एक कीर्तिमान है। यह अनुमान पिछले वर्ष के उत्पादन के मुकाबले 1.6 प्रतिशत अधिक है।पिछले साल से मानसून अच्छा रहा और कृषित उत्पादों के समर्थन मूल्य में वृद्धि से किसान अधिक खेती के लिए प्रोत्साहित हुए। कृषि मंत्रालय द्वारा जारी किए गए तीसरे अग्रिम अनुमानों के मुताबिक देश ने फसल वर्ष 2017-18 (जुलाई – जून) के दौरान चावल, गेहूं, मोटे अनाज और दालें – चारों खाद्यान्नों का रिकार्ड उत्पादन हासिल किया गया है। एक सरकारी बयान में कहा गया है, ‘वर्ष 2016-17 के दौरान के 27 करोड़ 51.1 लाख टन के अनाज के पिछले रिकार्ड उत्पादन की तुलना में इस बार उत्पादन 44 लाख टन बढ़कर कुल 27 करोड़ 95.1 लाख टन तक पहुंचने का अनुमान है।’इस साल फरवरी में जारी दूसरे अग्रिम अनुमानों में , 27 करोड़ 74.9 टन अनाज उत्पादन का अनुमान लगाया था। उत्पादन में भारी वृद्धि के चलते दालों और चीनी जैसे कुछ उत्पादों की कीमतों में भारी गिरावट आई है जिससे किसानों की आय पर असर पड़ा है। सरकार ने किसानों को समर्थन मूल्य सुनिश्चित करने के लिए इनकी खरीद शुरू कर दी है। आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2016-17 के दौरान चावल के 10 करोड़ 95 लाख टन के उत्पादन के मुकाबले इस बार यह उत्पादन 11 करोड़ 15.2 लाख टन होने का अनुमान लगाया गया है। वर्ष 2017-18 के दौरान गेहूं का उत्पादन पिछले वर्ष के नौ करोड़ 85.1 लाख टन के मुकाबले नौ करोड़ 86.1 लाख टन होने का अनुमान लगाया है। मोटे अनाजों का उत्पादन भी समीक्षाधीन वर्ष 2016-17 के दौरान के चार करोड़ 37.7 लाख टन के मुकाबले इस बार रिकॉर्ड चार करोड़ 48.7 लाख टन होने का अनुमान है।

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