काम की बात : संपत्ति की खरीद-बिक्री में आधार अनिवार्य नहीं

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नई दिल्ली : संपत्ति की खरीद-बिक्री को आधार से लिंक करना अनिवार्य नहीं है। ग्रामीण विकास मंत्रलय ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को सलाह दी है कि रजिस्ट्रेशन एक्ट, 1908 के प्रावधानों के तहत संपत्ति की रजिस्ट्री के समय वह आधार को उससे जोड़ने के संबंध में संपत्ति खरीददार और विक्रेता से उसकी अनुमति ले। यह जानकारी शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने दी। वह मंगलवार को लोकसभा में सवालों का जवाब दे रहे थे।1सरकार का यह बयान इस लिहाज से महत्वपूर्ण है कि पिछले महीने पुरी ने ही कहा था कि संपत्ति की खरीद-बिक्रीको आधार से जोड़ने का विचार अच्छा है। चूंकि सरकार बैंक खातों को भी आधार से जोड़ रही है, इसलिए संपत्ति बाजार के लिए भी इस संबंध में कुछ अतिरिक्त कदम उठाने होंगे। लेकिन मंत्री ने अब कहा है कि लेन-देन में आधार को लिंक करना अनिवार्य नहीं है। सरकार के यूनिक पहचान नंबर को संपत्ति की खरीद-फरोख्त से जोड़ने का विचार करने के संबंध में उन्होंने कहा कि इसका सवाल ही नहीं उठता।

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